CM भूपेश बघेल के मुख्यआतिथ्य में संपन्न हुआ ‘IAP CGPHYSIOCON-2023’ का आयोजन, विशेषज्ञों ने बताया फिजियोथेरेपी का महत्व

'IAP CGPHYSIOCON-2023:' इस दौरान बतौर मुख्यअतिथि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने फिजियोथेरेपी के अहम उपयोगिता को दर्शाते हुए कहा कि मेरे हर दिन की शुरुआत फिजियोथेरेपी से ही होती है और इसी वजह से मै फिट भी रह पाता हूं।

IAP CGPHYSIOCON 2023: रायपुर। इंडियन एसोसिएशन ऑफ़ फ़िज़ियोथेरेपिस्ट की छत्तीसगढ़ शाखा द्वारा दिनांक 24 सितम्बर, रविवार को शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय के अटल बिहारी बाजपाई सभागार में छत्तीसगढ़ की पहली राष्ट्र स्तरीय सम्मलेन “IAP CGPHYSIOCON-2023” का आयोजन किया गया। इस सम्मलेन को संबोधित करने के लिए देश के प्रमुख फिजियोथेरेपी चिकित्सकों ने शिरकत किया और छत्तीसगढ़ के हर कोने से चिकित्सक एवं छात्र छात्राएं इसमें सम्मिलित हुए। इस दौरान बतौर मुख्यअतिथि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने फिजियोथेरेपी के अहम उपयोगिता को दर्शाते हुए कहा कि मेरे हर दिन की शुरुआत फिजियोथेरेपी से ही होती है और इसी वजह से मै फिट भी रह पाता हूं।

कार्यकम में मुख्य अतिथि के रूप में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, विशिष्ठ अतिथि उपमुख्यमंत्री वा स्वास्थ्य मंत्री टी. एस. सिंहदेव, सांसद सुनील सोनी व छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल की उपाध्यक्ष श्री मती चित्ररेखा साहू सम्मिलित हुए । मुख्यमंत्री ने कहा हमारा शरीर एक जगह बैठने के लिए नहीं बना है, पर जब हम शरीर को लंबे समय तक एक ही पोजिशन में स्थिर रखते हैं, तो खून का संचार रुक जाने की वजह से शरीर के मांसपेशियों, जोड़ों व नसों से संबंधित समस्याएं उत्पन्न हो जाती है।

उन्होंने कोविड, स्पोर्ट्स, हृदय व फेफड़ों, पैरालिसिस, प्रसव के पहले व बाद, बच्चों की मानसिक विकृतियों के समय फिजियोथेरेपी के प्राथमिक उपचार के विषय में चर्चा की। वहीं डिप्टी सीएम टी. एस. सिंहदेव ने फिजियोथेरेपी चिकित्सकों कि हर जिला अस्पतालों में नियमित नियुक्ति, नए फिजियोथेरेपी कॉलेज एवं छत्तीसगढ़ फिजियोथेरेपी परिषद कि कार्य समिति का जल्द से जल्द गठन समेत फिजियोथेरेपी इलाज की उपलब्धता हर व्यक्ति को मिल सके इस पर गहरी समीक्षा की।

सांसद सुनील सोनी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उद्बोधन “फिजियोथेरेपी के नेतृत्व में भारत फिट भी होगा और हिट भी” को पुनः दोहराते हुए हर सामान्य जन तक फिजियोथेरेपी की उपलब्धता हो इस पर अपने विचार व्यक्त किए। आई ए पी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ संजीव झा, आई ए पी की राष्ट्रीय महिला प्रमुख डॉ रूचि वार्ष्णेय, मुंबई से डॉ अली ईरानी, डॉ वर्धमान जैन, दिल्ली अपोलो इंद्रप्रस्थ कि डॉ सीमा ग्रोवर, शासकीय फिजियोथेरेपी कॉलेज के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ रोहित राजपूत इस सम्मलेन के मुख्य वक्ता थे।

सम्मलेन की अध्यक्षता छत्तीसगढ़ आई ए पी के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. प्रशांत चक्रवर्ती, प्रदेश सचिव डॉ. अखिलेश साहू, डॉ गरिमा तिवारी, कोषाध्यक्ष डॉ विक्रम द्विवेदी एवं संयोजक डॉ कुणाल मंडल, डॉ फैज़ान खान, डॉ प्रकाश कटारिया, डॉ मनीष तिवारी, डॉ नेहा अग्रवाल, डॉ सुजाता सोंधी वा डॉ. अविनाश कुशवाहा सहित अन्य फिजियोथेरेपी चिकित्सकों ने किया।

संगोष्ठी में लिगमेंट इंजरी में फिजियोथेरेपी, लिम्फोइडेमा में फिजियोथेरेपी, भावनाओं का दर्द से सम्बन्ध, नए राष्ट्रीय चिकित्सा ढांचे में आने वाली मुश्किलें, फिजियोथेरेपी से फिजियोपैथी की तरफ बढ़ते कदम जैसे विषयों पर व्याख्यान होने के साथ ही समाज के अलग अलग वर्ग के प्रमुखों एवं प्रतिनिधियों के बीच “फिजियोथेरेपी के भूत, वर्तमान वा भविष्य संभावनाओं” पर पैनल चर्चा हुई ।

फिजियोथेरेपी में हो रहे नए नए अनुसंधानों की प्रस्तुति हुई, प्रतिभावान छात्रों का सम्मान किया गया। तत्पश्चात शाम को रंगारंग कार्यक्रम का आयोजन हुआ। इस पूरे कार्यक्रम में लगभग 400 फिजियोथेरेपी चिकित्सक शामिल हुए, और रात्रि भोजन से सम्पूर्ण सम्मलेन का समापन हुआ।

read more: फ्यूचर रिटेल के फॉरेंसिक ऑडिट को किशोर बियाणी ने अदालत में दी चुनौती

read more:  रोशिबिना देवी ने वुशु में भारत के लिए कांस्य पदक सुनिश्चित किया