रायपुर : Raipur News: स्कूल शिक्षा विभाग में माननीय मुख्यमंत्रीजी के निर्देश पर लगातार पदोन्नति एवं समयमान वेतनमान दिये जाने की कार्यवाही की जा रही है। विगत 01 वर्ष में जिला एवं संभाग स्तर पर लगभग 7000 पदों पर पदोन्नति की कार्यवाही की गई है इसके अलावा 2621 सहायक शिक्षक विज्ञान प्रयोगशाला की सीधी भर्ती काउंसिलिंग के माध्यम से की गई ।
CG Teacher Promotion 30 अप्रैल 2025 को लगभग 2900 प्राचार्यों के पदोन्नति आदेश जारी किये गये इसी तरह आज दिनांक 23.07.2025 को हिन्दी, अंग्रेजी, संस्कृत, गणित, भौतिक, रसायन, जीवविज्ञान, राजनीतिशास्त्र, इतिहास, भूगोल, अर्थशास्त्र तथा वाणिज्य विषय के व्याख्याता टी संवर्ग के पदों पर कुल 1227 टी संवर्ग के शिक्षकों के पदोन्नति आदेश जारी किये गये जिनकी पदस्थापना काउंसिलिंग के माध्यम से की जाएगी।
CG Teacher Promotion आने वाले दिनों में पदोन्नत टी संवर्ग के प्राचार्यों की भी पदथापना काउंसिलिंग के माध्यम से की जाएगी। ई संवर्ग के प्राचार्यों का प्रकरण माननीय न्यायालय में लंबित है। प्रकरण के निराकरण के पश्चात् माननीय न्यायालय के निर्णय अनुसार आवश्यक कार्यवाही की जाएगी।
शिक्षक वर्ग के लिए नवीनतम "पदोन्नति आदेश" कब जारी किए गए हैं?
23 जुलाई 2025 को विभिन्न विषयों (हिन्दी, अंग्रेजी, गणित आदि) के 1227 व्याख्याताओं के लिए पदोन्नति आदेश जारी किए गए हैं। इससे पहले 30 अप्रैल 2025 को लगभग 2900 प्राचार्यों के लिए भी आदेश जारी हुए थे।
क्या इन "पदोन्नति आदेश" के बाद पदस्थापना भी तय हो गई है?
हां, इन पदोन्नत शिक्षकों की पदस्थापना काउंसिलिंग के माध्यम से की जाएगी। प्राचार्य वर्ग की भी पदस्थापना निकट भविष्य में इसी प्रक्रिया से की जाएगी।
"पदोन्नति आदेश" किन विषयों के लिए जारी किए गए हैं?
हिन्दी, अंग्रेजी, संस्कृत, गणित, भौतिकी, रसायन, जीवविज्ञान, राजनीतिशास्त्र, इतिहास, भूगोल, अर्थशास्त्र और वाणिज्य जैसे विषयों के लिए पदोन्नति आदेश जारी हुए हैं।
"पदोन्नति आदेश" से संबंधित कोई मामला न्यायालय में लंबित है क्या?
हां, ई संवर्ग के प्राचार्यों का पदोन्नति संबंधी मामला न्यायालय में विचाराधीन है। निर्णय आने के बाद ही आगे की कार्यवाही की जाएगी।
क्या सहायक शिक्षकों की भर्ती भी "पदोन्नति आदेश" के अंतर्गत हुई है?
सहायक शिक्षक विज्ञान प्रयोगशाला की भर्ती सीधी काउंसिलिंग प्रक्रिया के माध्यम से हुई है, न कि पदोन्नति आदेश के अंतर्गत। यह प्रक्रिया भी पिछले एक वर्ष में पूर्ण की गई।