surajpur news/ image source: ibc24
Surajpur News: सूरजपुर:आमतौर पर जब गांव में लड़ाई-झगड़ा होता है तो लोग अपनी शिकायत सरपंच के पास लेकर जाते हैं। पर छत्तीसगढ़ के सूरजपुर से हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। दरअसल, यहां के एक गाँव में कोल परियोजना के विरोध को लेकर सरपंच के साथ मारपीट और गाली-गलौज का मामला उजागर हुआ है। यह मामला तब और गर्मा गया जब इसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने लगा।
मिली जानकारी के मुताबिक, बसकरपारा ग्रामीणों ने मंगलवार को कोयले के अवैध उत्खनन पर प्रदर्शन किया था। प्रदर्शन में शामिल बसपा से निष्कासित किए गए नरेंद्र साहू ने सरपंच रामधारी को नेपाल के प्रधानमंत्री जैसे गांव से भागने और इस्तीफा धमकी दी थी। इसके बाद कुछ लोगों ने खांडापारा सरपंच के साथ मारपीट की थी। घटना के विरोध में सरपंच संघ की शिकायत पर पुलिस ने नरेंद्र साहू और हेमंत राजवाड़े के खिलाफ एट्रोसिटी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच में जुट गई है।
Surajpur News: इस मामले में सरपंच संघ ने सक्रिय भूमिका निभाते हुए पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने इस घटना की कड़ी निंदा की है और दोषियों की गिरफ्तारी की मांग की है। शिकायत में कहा गया है कि इस घटना के पीछे बसपा से निष्कासित दो नेता, नरेंद्र साहू और हेमंत राजवाड़े, हैं। आरोप है कि ये दोनों नेता कोल परियोजना के विरोध के दौरान विरोध करने वाले सरपंच को धमकाने और मारपीट करने के लिए जिम्मेदार हैं।
सरपंच संघ ने सरकार और पुलिस प्रशासन से मांग की, कि मामले की गंभीरता को समझते हुए दोषियों के खिलाफ त्वरित और कड़ी कार्रवाई की जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों। वहीं इस मामले में दोनों निष्कासित नेताओं पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है। पुलिस द्वारा भी तत्काल प्रभाव से जांच की बात कही जा रही है।