शिमला, 29 मार्च (भाषा) हिमाचल प्रदेश में पंचायती राज संस्थाओं और नगर निकायों के आगामी चुनावों को देखते हुए, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने लगभग सोलह महीनों के अंतराल के बाद राजनीतिक मामलों की समिति, अनुशासन समिति, राज्य पदाधिकारियों और एक कार्यकारी समिति के गठन को मंजूरी दे दी है।
समितियों को भंग किए जाने के करीब 16 महीने बाद अब इनका गठन किया गया है।
समिति में पार्टी के सभी वर्गों के महत्वपूर्ण नेताओं को जगह देने का प्रयास किया गया है और इसके गठन में जातिगत और क्षेत्रीय संतुलन का विशेष ध्यान रखा गया है। मंत्रियों और विधायकों के अलावा, अन्य प्रमुख नेताओं, पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्षों, पूर्व मंत्रियों और उन विधायकों को भी शामिल किया गया है, जिनके कैबिनेट रैंक वापस ले लिए गए थे।
राज्य में पंचायती राज एवं शहरी निकाय चुनाव 31 मई से पहले होंगे और राज्य विधानसभा चुनाव 2027 के अंत में होने वाले हैं। सूची शनिवार देर रात जारी की गई।
कांग्रेस की प्रदेश इकाई के अध्यक्ष विनय कुमार की अध्यक्षता वाली राज्य कार्यकारिणी में 27 महासचिव, 12 उपाध्यक्ष, एक कोषाध्यक्ष और कार्यकारी समिति के 21 सदस्य शामिल हैं, जबकि इनके अलावा प्रभारी और सह-प्रभारी पदेन सदस्य के रूप में शामिल हैं।
कांग्रेस की प्रदेश इकाई के अध्यक्ष विनय कुमार की अध्यक्षता वाली 21 सदस्यीय राजनीतिक मामलों की समिति में मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू, उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री, मंत्रिमंडल के सभी नौ मंत्री, पूर्व केंद्रीय मंत्री आनंद शर्मा, नव निर्वाचित राज्यसभा सदस्य अनुराग शर्मा, कांग्रेस की प्रदेश इकाई की पूर्व अध्यक्ष प्रतिभा सिंह आदि शामिल हैं।
नव नियुक्त महासचिवों में विनोद जिंटा, पवन ठाकुर, अनीता वर्मा, अमित भारमौरी, हरि कृष्ण हिमराल, सुरिंदर मनकोटिया और यश पाल तनाइक सहित अन्य शामिल हैं।
उपाध्यक्षों में पूर्व मंत्री प्रकाश चौधरी समेत तीन पूर्व विधायक – नीरज भारती, बंबर ठाकुर और सतपाल रायजादा शामिल हैं, जबकि रजनीश किमटा, पारस राम, मोहिंदर चौहान, जीवन ठाकुर, करण सिंह पठानिया, अमित नंदा, चेत राम ठाकुर और चंद्र प्रभा नेगी भी उपाध्यक्ष हैं।
इसके अलावा मानव चौधरी को कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया है।
राज्य में कांग्रेस की सभी समितियों को भंग किए जाने के बाद संगठन पिछले 16 महीने से निष्क्रिय था और अब इन नयी नियुक्तियों से संगठन को नयी ऊर्जा मिलने की उम्मीद है।
भाषा यासिर दिलीप
दिलीप