Asian Canoe Sprint Championship / Image Source : SOCIAL MEDIA
नई दिल्ली : Asian Canoe Sprint Championship : एशियाई कैनो कन्फेडरेशन (ACC) के अध्यक्ष प्रशांत कुशवाहा ने शुक्रवार को टुर्केस्तान में आयोजित एशियाई कैनो स्प्रिंट और पैराकैनो चैम्पियनशिप का भव्य उद्घाटन किया। एशिया के 15 से अधिक देशों के 300 से अधिक खिलाड़ी इस बहु-दिवसीय प्रतियोगिता में भाग ले रहे हैं, जो टुर्केस्तान के वाटर स्पोर्ट्स परिसर में आयोजित की जा रही है । उद्घाटन सत्र में कुशवाहा ने एशियाई देशों से सहयोग बढ़ाने, एथलीट विकास में निवेश करने और पैरास्पोर्ट के रास्तों को मजबूत करने का आह्वान किया। आयोजकों और प्रतिनिधिमंडलों ने प्रतियोगिता को उच्च प्रदर्शन और समावेशन को बढ़ावा देने वाले मंच के रूप में सराहा।
– टुर्किस्तान क्षेत्र के अकिम: नूरलखान ओरालबायेविच कोशेरोव
– कज़ाखस्तान गणराज्य के पर्यटन व खेल मंत्रालय, खेल एवं शारीरिक संस्कृति समिति के अध्यक्ष: रुслан बाकितोविच येसेनालिन
– टुर्किस्तान क्षेत्र के उप-अकिम: एर्ताय केन्झेबेकोविच आल्तायेव
– टुर्किस्तान क्षेत्र के शारीरिक संस्कृति व खेल विभाग के प्रमुख: ग़ालिमज़हान बतरखानोविच खुदियारोव
– एलीट स्पोर्ट्स डेवलपमेंट व सार्वजनिक सेवाओं विभाग के प्रमुख: झांदोस सुलैमानोविच केरिमबेकोव
– टुर्किस्तान क्षेत्रीय विशेषीकृत ओलंपिक रिजर्व युवा जलक्रीड़ा विद्यालय के निदेशक: नुरलान अबिलदायेविच ऐतबेकोव
– कज़ाखस्तान कैनॉइंग व रोइंग खेल फेडरेशन के महासचिव: अदलेट खजिमुरातोविच कुस्मानोव
ACC सचिवालय से भारतीय प्रतिनिधि डॉ. सुमंत श्याम कुलश्रेस्थ और स्नेह रहे।
भारत की टीम का नेतृत्व कोचों अलेक्सांद्र दियाडचुक, ए. चिंग चिंग सिंह, अनिल राठी और सुश्री वीरपाल कौर ने किया; टीम में फिजियोथेरपिस्ट डॉ. अभा चौधरी और कैनो स्प्रिंट के 20 तथा पैराकैनो के 3 एथलीट शामिल थे। Asian Canoe Sprint Championship भारत ने कुल चार पदक जीते: कैनो स्प्रिंट में एक ब्रॉन्ज और पैराकैनो में तीन पदक। पैराकैनो में मिली सफलताएँ भारत के समेकित प्रशिक्षण और समावेशी खेल नीतियों की सफलता का संकेत हैं।
यह चैम्पियनशिप क्षेत्रीय स्तर पर एक प्रमुख प्रतियोगिता है और कई एथलीटों के लिए क्वालिफिकेशन व रैंकिंग के अवसर प्रदान करती है। ACC अध्यक्ष कुशवाहा ने कहा कि आयोजक और फेडरेशन को प्रशिक्षण, कोच शिक्षा और पैरास्पोर्ट सुविधाओं पर अमल करहीरनी चाहिए ताकि स्थायी विरासत बनी रहे।