(तस्वीरों के साथ)
नयी दिल्ली, 15 मार्च (भाषा) निर्वाचन आयोग ने रविवार को पश्चिम बंगाल, केरल, असम, तमिलनाडु और पुडुचेरी में विधानसभा चुनाव की तारीखों की घोषणा कर दी। सभी राज्यों में मतगणना चार मई को होगी।
मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने बताया कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के लिए दो चरण में 23 और 29 अप्रैल को मतदान होगा। पश्चिम बंगाल में विधानसभा की 294 सीट हैं।
उन्होंने संवाददाता सम्मेलन में बताया कि तमिलनाडु की 234 सदस्यीय विधानसभा के लिए 23 अप्रैल को मतदान होगा।
कुमार ने बताया कि केरल, असम और पुडुचेरी के लिए नौ अप्रैल को एक चरण में मतदान होगा।
उन्होंने बताया कि चारों राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी की विधानसभा चुनाव के लिए 824 सीटों पर मतगणना चार मई को होगी।
कुमार ने कहा कि चुनाव हिंसा या प्रलोभन से मुक्त होने चाहिए और आयोग किसी भी उल्लंघन के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करेगा।
चुनाव कार्यक्रम की घोषणा के साथ ही आदर्श आचार संहिता तत्काल प्रभाव से लागू हो गई है।
कुमार के साथ दो निर्वाचन आयुक्त – सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी भी मौजूद थे।
मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने कहा, ‘‘शुद्ध मतदाता सूची हमारे लोकतंत्र की आधारशिला है; किसी भी पात्र मतदाता को हटाया नहीं जाना चाहिए और किसी भी अपात्र मतदाता को शामिल नहीं किया जाना चाहिए।’’
उन्होंने बताया कि पांच राज्य विधानसभाओं के 824 निर्वाचन क्षेत्रों के चुनावों में कुल 17.4 करोड़ पात्र मतदाता हैं। उन्होंने बताया कि चार राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश में 2.19 लाख मतदान केंद्रों पर मतदान होगा, जहां 25 लाख चुनाव अधिकारी ड्यूटी पर तैनात रहेंगे।
उन्होंने कहा कि चारों राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश के कुल मतदाताओं की संख्या ऑस्ट्रेलिया, फ्रांस, दक्षिण अफ्रीका, जर्मनी और कनाडा की जनसंख्या के बराबर है।
मुख्य निर्वाचन आयुक्त ने कहा कि 20 देशों के चुनाव निकायों के प्रतिनिधि भारत के ‘‘लोकतंत्र के उत्सव’’ का अनुभव प्राप्त करने के लिए चुनाव वाले राज्यों का दौरा करेंगे।
कुमार ने बताया कि असम, केरल, पुडुचेरी, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में प्रति मतदान केंद्र पर मतदाताओं की औसत संख्या 750-900 है।
कुमार ने मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान अच्छा काम करने के लिए बीएलओ को बधाई भी दी।
उन्होंने बताया कि सभी मतदान केंद्रों पर तैनात पीठासीन अधिकारी हर दो घंटे में मतदान प्रतिशत अपलोड करेंगे और चुनाव समाप्त होने के तुरंत बाद मतदान के आंकड़े अपलोड किए जाएंगे।
विधानसभा चुनाव की तारीखों की घोषणा से कुछ ही मिनट पहले पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री द्वारा राज्य सरकार के कर्मचारियों के महंगाई भत्ता (डीए) के बकाया भुगतान तथा पुरोहितों और मुअज्जिनों के मानदेय में वृद्धि की घोषणा के बारे में पूछे जाने पर, कुमार ने कहा कि आदर्श आचार संहिता तत्काल प्रभाव से लागू हो गई है और अब इस तरह की कोई घोषणा नहीं की जा सकती।
तमिलनाडु में कुल 234 विधानसभा सीट हैं, जहां द्रमुक नेता एम.के. स्टालिन सात मई, 2021 से मुख्यमंत्री हैं।
पश्चिम बंगाल में कुल 294 विधानसभा सीट हैं, जहां तृणमूल कांग्रेस नेता ममता बनर्जी 2011 से सत्ता में हैं। केरल में कुल 140 विधानसभा सीट हैं, जहां वामपंथी नेता पिनराई विजयन 2016 से मुख्यमंत्री हैं और वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) सरकार का नेतृत्व कर रहे हैं।
असम में विधानसभा की 126 सीट हैं और पूर्वोत्तर राज्य में भाजपा 2016 से सत्ता में है तथा हिमंत विश्व शर्मा 2021 से मुख्यमंत्री हैं।
पुडुचेरी के मुख्यमंत्री एन. रंगासामी 2021 से सत्ता में हैं। केंद्र शासित प्रदेश में कुल 33 सीट हैं, जिनमें केंद्र द्वारा मनोनीत तीन सदस्य शामिल हैं।
असम, केरल और पुडुचेरी के लिए चुनाव अधिसूचना 16 मार्च को जारी की जाएगी और नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि 23 मार्च है। नामांकन पत्रों की जांच 24 मार्च को होगी और उम्मीदवारी वापस लेने की अंतिम तिथि 26 मार्च है।
तमिलनाडु में चुनाव संबंधी अधिसूचना 30 मार्च को जारी की जाएगी और नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि छह अप्रैल है। नामांकन पत्रों की जांच सात अप्रैल को होगी और उम्मीदवारी वापस लेने की अंतिम तिथि नौ अप्रैल है।
पश्चिम बंगाल में पहले चरण के चुनाव के लिए अधिसूचना 30 मार्च को, जबकि दूसरे चरण के लिए दो अप्रैल को जारी की जाएंगी। पहले चरण के लिए नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि छह अप्रैल है और दूसरे चरण के लिए नौ अप्रैल है।
पश्चिम बंगाल में पहले चरण के चुनावों के लिए नामांकन पत्रों की जांच सात अप्रैल को और दूसरे चरण के लिए 10 अप्रैल को होगी। पहले चरण के लिए उम्मीदवारी वापस लेने की अंतिम तिथि नौ अप्रैल और दूसरे चरण के लिए 13 अप्रैल है।
पश्चिम बंगाल में पहले चरण में 152 विधानसभा सीट पर और दूसरे चरण में 142 सीट पर मतदान होगा।
पश्चिम बंगाल में विधानसभा का कार्यकाल सात मई को, तमिलनाडु में 10 मई को, असम में 20 मई को, केरल में 23 मई को और पुडुचेरी में 15 जून को समाप्त होगा।
पश्चिम बंगाल में 7.04 करोड़, तमिलनाडु में 5.67 करोड़, केरल में 2.7 करोड़, असम में 2.5 करोड़ और पुडुचेरी में 9.44 लाख मतदाता हैं।
भाषा शफीक दिलीप
दिलीप