मरीज के भर्ती होने के बाद 72 घंटे तक निजी प्रैक्टिस नहीं कर सकेंगे बंगाल के सरकारी चिकित्सक

मरीज के भर्ती होने के बाद 72 घंटे तक निजी प्रैक्टिस नहीं कर सकेंगे बंगाल के सरकारी चिकित्सक

मरीज के भर्ती होने के बाद 72 घंटे तक निजी प्रैक्टिस नहीं कर सकेंगे बंगाल के सरकारी चिकित्सक
Modified Date: August 25, 2026 / 12:49 am IST
Published Date: August 25, 2026 12:49 am IST

कोलकाता, 24 अगस्त (भाषा) पश्चिम बंगाल स्वास्थ्य विभाग ने पश्चिम बंगाल चिकित्सा शिक्षा सेवा के अंतर्गत कार्यरत शिक्षक-चिकित्सकों को किसी मरीज के सरकारी अस्पताल में भर्ती होने के दिन और उसके बाद के 48 घंटों तक निजी प्रैक्टिस करने से रोकने का फैसला किया है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने सोमवार को यह जानकारी दी।

उन्होंने कहा कि 72 घंटे की अवधि वाली यह पाबंदी तत्काल प्रभाव से लागू हो गई है। साथ ही, उन्होंने बताया कि इस आदेश का मकसद यह सुनिश्चित करना है कि संकाय सदस्य अपनी देखरेख में भर्ती मरीजों के लिए उपलब्ध रहें।

अधिकारी ने कहा, ‘‘यह प्रतिबंध मरीज के भर्ती होने वाले दिन और उसके अगले 48 घंटे तक लागू रहेगा। इसका उद्देश्य इलाज की निरंतरता बनाए रखना और भर्ती मरीजों के लिए संबंधित चिकित्सक की उपलब्धता सुनिश्चित करना है।’’

भाषा शुभम सुरेश

सुरेश


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