कोलकाता, 31 मार्च (भाषा) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने मंगलवार को आरोप लगाया कि पश्चिम बंगाल के कूच बिहार जिले में उसके उम्मीदवार के काफिले पर तृणमूल कांग्रेस समर्थकों ने हमला किया, जिसे सत्तारूढ़ दल ने खारिज कर दिया।
तृणमूल ने दावा किया कि यह हमला विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान मतदाता सूची से नामों को हटाए जाने के विरोध में स्थानीय लोगों के बीच व्याप्त आक्रोश का परिणाम था।
घटना के बाद तनाव बढ़ने पर पुलिस और सुरक्षाकर्मी मौके पर पहुंचे। एक पुलिस अधिकारी ने संवाददाताओं को बताया, ‘‘भाजपा उम्मीदवार ने आरोप लगाया है कि उनके काफिले पर हमला हुआ है। हम इस आरोप की जांच कर रहे हैं।’’
पश्चिम बंगाल की प्रमुख विपक्षी पार्टी ने दावा किया कि तृणमूल कार्यकर्ताओं ने कूच बिहार दक्षिण विधानसभा सीट से उम्मीदवार रथेंद्र नाथ बोस के काफिले पर उस समय पथराव किया जब वे चुनाव प्रचार से घर लौट रहे थे।
भाजपा का आरोप है कि तृणमूल कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने सुतकबारी इलाके में काफिले को रोका और कम से कम एक कार में तोड़फोड़ की।
एक भाजपा नेता ने एक स्थानीय समाचार चैनल से कहा, ‘‘उन्होंने लाठियों, डंडों, ईंटों और पत्थरों से काफिले पर हमला किया। एक वाहन के शीशे तोड़ दिए गए। हमारे एक कार्यकर्ता को बुरी तरह पीटा गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया।”
बोस ने आरोप लगाया कि यह हमला तृणमूल समर्थकों द्वारा चुनाव से पहले भाजपा कार्यकर्ताओं को डराने के लिए किया गया था। हालांकि, तृणमूल कांग्रेस ने इस आरोप का खंडन किया और दावा किया कि स्थानीय लोग एसआईआर के दौरान मतदाता सूची से नाम हटाए जाने से नाराज थे।
तृणमूल के एक स्थानीय नेता ने कहा, “स्थानीय लोगों में असंतोष था क्योंकि कई नाम मतदाता सूची से कथित तौर पर हटा दिए गए थे। भाजपा उम्मीदवार को उस गुस्से का सामना करना पड़ा। इस घटना में तृणमूल कांग्रेस की कोई भूमिका नहीं थी।’’
भाषा अविनाश माधव
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