छत्तीसगढ़: गरियाबंद में भारी मात्रा में नक्सलियों के हथियार जब्त किए गए

Ads

छत्तीसगढ़: गरियाबंद में भारी मात्रा में नक्सलियों के हथियार जब्त किए गए

  •  
  • Publish Date - February 7, 2026 / 05:46 PM IST,
    Updated On - February 7, 2026 / 05:46 PM IST

गरियाबंद, सात फरवरी (भाषा) छत्तीसगढ़ में गरियाबंद जिले के पहाड़ी इलाकों में छह स्थानों से सुरक्षाबलों ने नक्सलियों द्वारा छिपाकर रखे गए हथियार, गोला-बारूद और हथियार बनाने में इस्तेमाल होने वाले उपकरण बरामद किए हैं। पुलिस ने शनिवार को यह जानकारी दी।

पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि ओडिशा से सटे मैनपुर थानाक्षेत्र में भालुदिग्गी और मेटल पहाड़ियों में सुरक्षाबलों ने शनिवार तक 36 घंटे का अभियान चलाया जिस दौरान माओवादियों के इन हथियारों के भंडार का पता चला।

उन्होंने कहा कि इस माह के शुरू में आत्मसमर्पण कर चुके माओवादियों ने सूचना दी थी कि छत्तीसगढ़-ओडिशा सीमा से सटी इन पहाड़ियों पर विभिन्न स्थानों पर प्रतिबंधित भाकपा (माओवादी) की ओडिशा प्रदेश समिति के शीर्ष नेतृत्व ने स्वचालित हथियार एवं आयुध निर्माण उपकरण छिपा रखे हैं जिसके बाद जिला पुलिस बल की विशेष ई-30 इकाई ने शुक्रवार को अभियान शुरू किया।

अधिकारी ने बताया कि जब्त की गई वस्तुओं में दो इंसास राइफलें, एक .303 राइफल, एक देसी पिस्तौल, एक ‘सुरका’ (देसी बैरल ग्रेनेड लॉन्चर), 12-बोर की दो बंदूक, दो ‘सिंगल-शॉट’ हथियार, 127 कारतूस, आठ मैगज़ीन, 22 बीजीएल गोले, बिजली के तार का एक बंडल और माओवादियों की तकनीकी टीम की हथियार कार्यशाला में इस्तेमाल होने वाले विभिन्न उपकरण शामिल हैं।

उन्होंने बताया कि आयुध कार्यशाला का संचालन भाकपा (माओवादी) केंद्रीय समिति के तीन सदस्यों की देखरेख में किया जा रहा था, जो पिछले साल अलग-अलग मुठभेड़ों में मारे गए थे।

अधिकारी ने कहा कि माओवादियों की तकनीकी टीम देसी बम एवं देसी हथियार बनाती थी तथा स्वचालित आग्नेयास्त्रों की मरम्मत भी करती थी।

यह जब्ती गरियाबंद पुलिस द्वारा पिछले डेढ़ साल से चलाए जा रहे नक्सल रोधी ‘ऑपरेशन विराट’ के बीच हुई है।

पुलिस अधिकारी ने बताया कि इस ऑपरेशन के दौरान, माओवादियों के धमतारी-गरियाबंद-नुआपड़ा संभाग में सक्रिय सभी ज्ञात नक्सलियों ने 26 जनवरी से पहले या तो आत्मसमर्पण कर दिया या निष्क्रिय होने के लिए मजबूर हो गए।

उन्होंने दावा किया कि हथियारों के जखीरे की बरामदगी के साथ, इस क्षेत्र में माओवादी हिंसा के दोबारा होने की संभावना ‘लगभग शून्य’ हो गई है।

जनवरी 2025 से, सुरक्षाबलों ने जिले में माओवादियों से 28 स्वचालित हथियार और 29 अन्य आग्नेयास्त्र, 240 इलेक्ट्रिक डेटोनेटर, 17 गैर-इलेक्ट्रिक डेटोनेटर, सात आईईडी और लगभग 100 मीटर कॉर्डेक्स तार जब्त किए हैं।

भाषा राजकुमार नेत्रपाल

नेत्रपाल