अमृतसर, 18 सितंबर (भाषा) पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश, न्यायमूर्ति अश्विनी कुमार मिश्रा ने शुक्रवार शाम श्री दरबार साहिब (स्वर्ण मंदिर) में मत्था टेका।
गत सात सितंबर को उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश के रूप में शपथ लेने के बाद न्यायमूर्ति मिश्रा का दरबार साहिब का यह पहला दौरा था।
ज़िला प्रशासन के एक आधिकारिक बयान के अनुसार, उन्होंने पवित्र तीर्थस्थल पर मत्था टेका, वाहेगुरु का आभार जताया और शांति, समृद्धि तथा मानवता की भलाई के लिए प्रार्थना की।
शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (एसजीपीसी) के प्रतिनिधियों ने मुख्य न्यायाधीश का स्वागत किया और उन्हें दरबार साहिब के ऐतिहासिक, धार्मिक एवं आध्यात्मिक महत्व के बारे में बताया, साथ ही पवित्र स्थल पर की जा रही विभिन्न सेवाओं और व्यवस्थाओं की जानकारी दी।
बयान के अनुसार, न्यायमूर्ति मिश्रा ने कहा कि दरबार साहिब एक पवित्र तीर्थस्थल है जो शांति, सेवा, समानता और सभी के कल्याण का सार्वभौमिक संदेश देता है तथा मानवता को करुणा, सद्भाव और सभी की भलाई के लिए प्रेरित करता है।
इस अवसर पर ज़िला एवं सत्र न्यायाधीश जतिंदर कौर, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सुप्रीत कौर, दीवानी न्यायाधीश गगनदीप सिंह घुमन, अतिरिक्त आयुक्त जय इंदर सिंह और अन्य अधिकारी भी मौजूद थे।
भाषा नेत्रपाल शोभना
शोभना