कांग्रेस ने हिमंत पर विधानसभा में ‘भ्रामक बयान’ देने का आरोप लगाया

कांग्रेस ने हिमंत पर विधानसभा में ‘भ्रामक बयान’ देने का आरोप लगाया

कांग्रेस ने हिमंत पर विधानसभा में ‘भ्रामक बयान’ देने का आरोप लगाया
Modified Date: February 21, 2025 / 10:03 pm IST
Published Date: February 21, 2025 10:03 pm IST

गुवाहाटी, 21 फरवरी (भाषा) कांग्रेस ने शुक्रवार को आरोप लगाया कि असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा विधानसभा में “भ्रामक बयान” दे रहे हैं और सदन के नेता से ऐसा करने से बचने का आग्रह किया।

विपक्षी पार्टी का यह दावा शर्मा के उस बयान पर था जिसमें उन्होंने जनजातीय क्षेत्रों के लिए धन मुहैया कराने की केंद्र की जिम्मेदारी बताई थी।

यहां एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए विपक्ष के नेता देवव्रत सैकिया ने कहा, “मुख्यमंत्री विधानसभा में ऐसे बयान दे रहे हैं जो सही नहीं हैं। चूंकि सदन में इन मुद्दों को उठाने का दायरा सीमित है, इसलिए हम इसे यहां सामने ला रहे हैं।”

सैकिया ने दावा किया कि केंद्र सरकार छठी अनुसूची क्षेत्रों के लिए धन उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है, लेकिन शर्मा ने विधानसभा में कहा था कि नयी दिल्ली कोई भी धन आवंटित करने के लिए बाध्य नहीं है।

संविधान की छठी अनुसूची असम, मेघालय, त्रिपुरा और मिजोरम में जनजातीय क्षेत्रों के प्रशासन से संबंधित प्रावधानों से संबंधित है।

कांग्रेस नेता ने बजट सत्र के पहले दिन शर्मा के बयान का हवाला देते हुए कहा, “संविधान केंद्र सरकार को आदिवासी क्षेत्रों, छठी अनुसूची क्षेत्रों के लिए धन आवंटित करने का आदेश देता है। मुख्यमंत्री का यह कहना गलत है कि केंद्र पर ऐसा कोई दायित्व नहीं है।”

सैकिया ने दावा किया कि बोडोलैंड प्रादेशिक क्षेत्र (बीटीआर) के मामले में 2020 के शांति समझौते के तहत 1,500 करोड़ रुपये के विशेष पैकेज की घोषणा की गई थी, लेकिन केंद्र द्वारा पूरा पैकेज देने से इनकार करने के बाद राज्य सरकार भी अपना हिस्सा दे रही है।

भाषा प्रशांत रंजन

रंजन


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