रांची, 20 सितंबर (भाषा) झारखंड राज्य स्वास्थ्य सेवा संघ (जेएचएएसए) ने रविवार को चिकित्सकों के लिए ‘डायनेमिक एश्योर्ड करियर प्रोग्रेशन’ (डीएसीपी) को जल्द लागू करने की मांग की और चेतावनी दी कि यदि मांग पूरी नहीं हुई तो 22 अक्टूबर से वह अनिश्चितकालीन कार्य बहिष्कार करेंगे।
रांची में आयोजित संघ की आम सभा की बैठक में स्वास्थ्य विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह को एक ज्ञापन सौंपने का निर्णय लिया गया जिसमें डीएसीपी को लागू करने की मांग की गई है।
डीएसीपी व्यवस्था के तहत चिकित्सकों को रिक्तियों की उपलब्धता के बजाय उनकी सेवा के वर्षों के आधार पर पदोन्नति दी जाती है।
जेएचएएसए के सचिव मृत्युंजय ठाकुर ने कहा कि हालांकि, 2015 में झारखंड में विशेषज्ञ चिकित्सकों की नियुक्ति के लिए दिशानिर्देश बनाए गए थे लेकिन 11 साल बाद भी उन्हें डीएसीपी का लाभ देने वाले प्रावधान तैयार नहीं किए गए।
उन्होंने कहा, ‘हमने डीएसीपी लाभ की मांग को लेकर अपने विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव को एक ज्ञापन सौंपने का फैसला किया है। यदि हमारी मांग पांच अक्टूबर तक पूरी नहीं हुई तो हम चरणबद्ध तरीके से अपना विरोध प्रदर्शन शुरू करेंगे और 22 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन कार्य बहिष्कार का सहारा लेंगे।’
ठाकुर ने कहा कि पड़ोसी राज्य बिहार में चिकित्सकों को 20 वर्षों में चार बार डीएसीपी का लाभ मिलता है जबकि झारखंड में उन्हें 25 वर्ष की सेवा अवधि में यह फायदे मिलते हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘हम मांग करते हैं कि झारखंड में केंद्र और बिहार की तर्ज पर डीएसीपी लागू किया जाए।’’
जेएचएएसए ने यह भी मांग की है कि सरकार स्वीकृत पदों पर भर्ती प्रक्रिया में तेजी लाए।
भाषा प्रचेता नरेश
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