ओटीपी, आधार, बैंक विवरण साझा न करें: डिजिटल धोखाधड़ी से बचने के लिए प्रधानमंत्री ने दिए सुझाव

Ads

ओटीपी, आधार, बैंक विवरण साझा न करें: डिजिटल धोखाधड़ी से बचने के लिए प्रधानमंत्री ने दिए सुझाव

  •  
  • Publish Date - February 22, 2026 / 06:27 PM IST,
    Updated On - February 22, 2026 / 06:27 PM IST

(फाइल फोटो सहित)

नयी दिल्ली, 22 फरवरी (भाषा) प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने डिजिटल धोखाधड़ी से बचने के लिए लोगों को ओटीपी, आधार नंबर या बैंक खातों के विवरण साझा न करने के सुझाव दिए।

मोदी ने रेडियो पर अपने मासिक कार्यक्रम ‘मन की बात’ में कहा कि ओटीपी, आधार नंबर या बैंक खाते संबंधी जानकारी किसी को भी न दें। उन्होंने कहा कि जैसे हर मौसम के साथ खान-पान, पहनावा भी बदल जाता है, वैसे ही नियम से हर कुछ दिन के बाद अपना पासवर्ड भी बदल देना चाहिए।

मोदी ने कहा कि उन्होंने पूर्व में ‘डिजिटल अरेस्ट’ के बारे में विस्तार से बात की थी, जिससे डिजिटल धोखाधड़ी और ऑनलाइन घोटालों के बारे में जागरूकता बढ़ी है। उन्होंने कहा कि हालांकि, ऐसी घटनाएं अक्सर होती रहती हैं।

उन्होंने कहा कि ‘डिजिटल अरेस्ट’ और वित्तीय धोखाधड़ी के माध्यम से कई लोगों को निशाना बनाया जा रहा है और अक्सर वरिष्ठ नागरिकों से उनकी जीवन भर की कमाई ठग ली जाती है।

प्रधानमंत्री ने सभी से सतर्क रहने का आग्रह किया और सलाह दी कि केवाईसी (अपने ग्राहक को जानें) या पुनः केवाईसी प्रक्रियाएं केवल बैंक शाखाओं, आधिकारिक ऐप या अधिकृत प्लेटफॉर्म के माध्यम से ही की जानी चाहिए।

उन्होंने कहा, ‘‘ओटीपी, आधार नंबर या बैंक खाते संबंधी जानकारी किसी को भी न दें और सबसे अहम बात, अपने पासवर्ड को समय-समय पर जरूर बदलते रहें। जैसे हर मौसम के साथ खान-पान बदल जाता है, पहनावा भी बदल जाता है, वैसे ही नियम बना लीजिए कि हर कुछ दिन के बाद आपको अपना पासवर्ड भी बदल लेना है।’’

प्रधानमंत्री ने कहा कि कारोबारियों से भी धोखाधड़ी की खबरें देखने को मिलती हैं। उन्होंने कहा, ‘‘कोई फोन करता है और कहता है– मैं एक बड़ा अधिकारी हूं। आपको कुछ विवरण साझा करने होंगे। इसके बाद भोले-भाले लोग ऐसा ही कर बैठते हैं। इसीलिए, आपका सतर्क रहना, जागरूक रहना बेहद जरूरी है।’’

केवाईसी प्रक्रिया का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि जब लोगों को बैंकों से केवाईसी अपडेट का अनुरोध करने वाले संदेश प्राप्त होते हैं, तो वे हैरान हो सकते हैं कि यह क्यों आवश्यक है, क्योंकि वे पहले ही प्रक्रिया पूरी कर चुके हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘मेरा आपसे आग्रह है, झुंझलाइए नहीं, ये आपके पैसे की सुरक्षा के लिए ही है। हम सभी जानते हैं कि आजकल पेंशन, सब्सिडी, बीमा, यूपीआई सब कुछ बैंक खाते से जुड़ा है। इसी वजह से बैंक समय-समय पर पुन: केवाईसी करते हैं, ताकि आपका बैंक खाता सुरक्षित रहे।’’

मोदी ने कहा, ‘‘आपको एक बात याद रखनी है। जो अपराधी हैं, वे फर्जी कॉल करते हैं, एसएमएस और लिंक भेजते हैं। इसीलिए हमें सतर्क रहना है और ऐसे धोखेबाजों के झांसे में नहीं आना है।’’

मोदी ने उल्लेख किया कि भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने हाल में इन मुद्दों पर केंद्रित एक वित्तीय साक्षरता सप्ताह आयोजित किया और यह अभियान पूरे साल जारी रहेगा। उन्होंने लोगों से आरबीआई की सलाह मानने और अपना केवाईसी अपडेट रखने का आग्रह किया।

उन्होंने कहा, ‘‘याद रखिए– सही केवाईसी, समय पर पुन: केवाईसी करे खाता सुरक्षित। सशक्त नागरिक बनें, क्योंकि सशक्त नागरिकों से ही बनता है मजबूत और आत्मनिर्भर भारत।’’

भाषा आशीष सुरेश

सुरेश