नयी दिल्ली, 18 सितंबर (भाषा) दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (डूसू) चुनाव के लिए शुक्रवार को पहले चरण का मतदान शांतिपूर्ण रहा और कई कॉलेजों के प्राचार्यों ने कहा कि उनके परिसरों में किसी बड़ी अप्रिय घटना की सूचना नहीं है।
दिन की कक्षाओं में पढ़ने वाले छात्रों के लिए मतदान सुबह 8:30 बजे शुरू हुआ और दोपहर 1:30 बजे तक चला, जबकि शाम की कक्षाओं के छात्रों के लिए मतदान दोपहर 3 बजे से शाम 7:30 बजे तक होगा।
रामजस कॉलेज के प्राचार्य अजय अरोड़ा ने बताया कि मतदान समय पर शुरू हुआ। उन्होंने कहा कि सुबह मतदान की गति थोड़ी धीमी थी लेकिन बाद में इसमें तेजी आई।
अरोड़ा ने कहा, “पहले चरण का मतदान समय पर शुरू हुआ। सुबह यह थोड़ा धीमा था, लेकिन दोपहर तक इसमें तेजी आ गई।”
उन्होंने बताया कि कॉलेज में चुनाव प्रक्रिया सुचारू रूप से चली और किसी तरह का हंगामा नहीं हुआ।
श्री वेंकटेश्वर कॉलेज के प्राचार्य वजाला रवि ने बताया कि दोपहर 1:30 बजे तक 4,666 पात्र मतदाताओं में से 2,310 छात्रों ने मतदान किया, जिससे मतदान प्रतिशत करीब 50 प्रतिशत रहा।
मिरांडा हाउस के अधिकारियों ने भी पुष्टि की कि कॉलेज के अंदर या आसपास बिना किसी टकराव के मतदान शांतिपूर्ण तरीके से हुआ। अधिकारियों के अनुसार, दोपहर एक बजे तक मतदान प्रतिशत करीब 30 प्रतिशत था।
किरोड़ीमल कॉलेज के प्राचार्य दिनेश खट्टर ने भी मतदान प्रक्रिया को शांतिपूर्ण बताया।
डूसू चुनाव में चार केंद्रीय पदों- अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सचिव और संयुक्त सचिव- के लिए अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी), कांग्रेस से संबद्ध भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (एनएसयूआई) और आइसा-एसएफआई गठबंधन के बीच मुकाबला चर्चा में है।
छात्र कल्याण, परिसर का बुनियादी ढांचा, छात्रावास की सुविधा और सुरक्षा चुनाव प्रचार के प्रमुख मुद्दों के रूप में उभरे हैं। खासकर इस महीने की शुरुआत में सत्य निकेतन में पांच मंजिला पीजी इमारत गिरने की घटना के बाद ये मुद्दे प्रमुख रहे, जिसमें छात्रों समेत सात लोगों की मौत हो गई थी।
विश्वविद्यालय के अधिकारियों के अनुसार, चुनाव के लिए कुल 1,000 इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) तैनात की गई हैं। इनमें से 960 का इस्तेमाल मतदान के लिए किया जा रहा है, जबकि 40 मशीनों को सुरक्षित रखा गया है।
मुख्य चुनाव अधिकारी राज किशोर शर्मा ने बताया कि मतदान के दौरान 12 नियंत्रण कक्ष काम कर रहे हैं और किसी भी तकनीकी खराबी को दूर करने के लिए तकनीकी विशेषज्ञ उपलब्ध हैं।
मतदान समाप्त होने के बाद पुलिस सुरक्षा के बीच ईवीएम को उत्तरी परिसर स्थित विश्वविद्यालय खेल स्टेडियम के बहुउद्देश्यीय हॉल में पहुंचायी जाएंगी जहां शनिवार को मतगणना के लिए उन्हें खोला जाएगा।
मतगणना 19 सितंबर को होगी। चुनाव प्रक्रिया के मद्देनजर विश्वविद्यालय ने छात्र मार्ग, प्रोबिन रोड और यूनिवर्सिटी रोड समेत प्रमुख मार्गों पर वाहनों की आवाजाही भी सीमित कर दी है।
विश्वविद्यालय की ओर से जारी परामर्श के अनुसार, ये पाबंदियां शुक्रवार और शनिवार को परिणाम घोषित होने तक लागू रहेंगी।
भाषा मनीषा नरेश
नरेश