गृह लक्ष्मी और गृह ज्योति योजनाएं बंद नहीं की जाएंगी : मुख्यमंत्री शिवकुमार

Ads

गृह लक्ष्मी और गृह ज्योति योजनाएं बंद नहीं की जाएंगी : मुख्यमंत्री शिवकुमार

  •  
  • Publish Date - June 15, 2026 / 05:42 PM IST,
    Updated On - June 15, 2026 / 05:42 PM IST

(फाइल फोटो के साथ)

बेंगलुरु, 15 जून (भाषा) कर्नाटक के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने सोमवार को स्पष्ट किया कि राज्य सरकार ‘गृह लक्ष्मी’ और ‘गृह ज्योति’ गारंटी योजनाओं को बंद नहीं करेगी। उन्होंने कहा कि अभी जो प्रक्रिया चल रही है, उसका मकसद सिर्फ यह सुनिश्चित करना है कि इन योजनाओं का फायदा केवल वास्तविक लाभार्थियों को मिले।

कर्नाटक में कांग्रेस सरकार ने ‘गृह लक्ष्मी’ और ‘गृह ज्योति’ गारंटी योजनाओं के लिए नये सिरे से आवेदन आमंत्रित करने का फैसला किया है। इसके बाद विपक्षी दल भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और जनता दल-सेक्युलर (जद-एस) ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार लाभार्थियों पर शर्तें थोप रही है और इस तरह वह इन योजनाओं का दायरा घटाने की कोशिश कर रही है।

गृह लक्ष्मी योजना के तहत गरीबी रेखा से नीचे रहने वाले परिवारों की महिला मुखिया को 2,000-2,000 रुपये प्रति माह की आर्थिक सहायता दी जाती है। वहीं, गृह ज्योति योजना के तहत परिवारों को हर महीने 200 यूनिट तक मुफ्त बिजली मुहैया कराई जाती है।

शिवकुमार ने बेंगलुरु में संवाददाताओं से बातचीत में विपक्ष पर गारंटी योजनाओं के बारे में गलत जानकारी फैलाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सरकार राशि के गलत इस्तेमाल और हेर-फेर को रोकने के लिए लाभार्थियों का डेटा सुव्यवस्थित कर रही है।

शिवकुमार ने कहा, “हम गारंटी योजनाओं को किसी भी सूरत में बंद नहीं करने जा रहे हैं। हमारा ऐसा कोई इरादा नहीं है।”

उन्होंने कहा कि सरकार ताजा फोटो, पहचान विवरण और अन्य रिकॉर्ड मांग रही है, क्योंकि ऐसे मामले सामने आए हैं, जिनमें लाभार्थियों की ओर से गलत जानकारी दिए जाने के कारण ‘गृह लक्ष्मी’ योजना की राशि गलत खातों में अंतरित की जा रही थी।

शिवकुमार ने कहा, “कुछ लोगों ने जल्दबाजी में किसी और का फोन नंबर दे दिया है। इस वजह से सहायता राशि किसी और के खाते में अंतरित हो रही है। सहायता राशि सीधे वास्तविक लाभार्थी के खाते में जानी चाहिए। दूसरे लोग राशि निकाल ले रहे हैं। हमारे पास इससे जुड़े सभी रिकॉर्ड मौजूद हैं।”

उन्होंने कहा कि गारंटी योजनाएं कर्नाटक के लोगों के कल्याण के लिए हैं और सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए कदम उठा रही है कि लाभ पात्र लाभार्थियों को मिले।

शिवकुमार ने कहा, “हम कर्नाटक के लोगों के लिए गारंटी योजनाएं उपलब्ध करा रहे हैं। हम दूसरे राज्यों के लोगों को इनके दायरे में नहीं ला रहे हैं।”

उन्होंने कहा कि सरकार ने ‘शक्ति’ मुफ्त बस यात्रा योजना की लाभार्थियों के लिए पहचान पत्र शुरू करने का फैसला पहले ही कर लिया था और अब वह इस व्यवस्था को लागू करने जा रही है।

मुख्यमंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि कर्नाटक सरकार की गारंटी योजनाएं दूसरे राज्यों के लिए “मॉडल” बन गई हैं और विपक्ष की आलोचनाओं के बावजूद ये जारी रहेंगी।

उन्होंने कहा, “ये गारंटी योजनाएं देश के लिए एक मिसाल हैं और इन्हें किसी भी सूरत में रोका या बंद नहीं किया जाएगा।”

शिवकुमार ने धोखाधड़ी वाली निवेश योजनाओं के जरिये कल्याणकारी योजनाओं की राशि के कथित दुरुपयोग पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को ऐसी गतिविधियों पर कड़ी नजर रखने का निर्देश दिया गया है।

शिवकुमार ने राज्य के कुछ हिस्सों में सामने आए वित्तीय धोखाधड़ी के मामलों का जिक्र करते हुए कहा, “कुछ मामलों में इस राशि को पोंजी योजना में लगाया जा रहा है और इसका गलत इस्तेमाल हो रहा है।”

शिवकुमार ने कहा कि बढ़ती महंगाई और आर्थिक तंगी के बीच परिवारों की मदद के लिए ये गारंटी योजनाएं शुरू की गई थीं। उन्होंने कहा कि कर्नाटक सरकार इन योजनाओं के जरिये महिलाओं को सशक्त बनाने और परिवारों का कल्याण सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

भाषा

पारुल मनीषा

मनीषा