(कुणाल दत्त)
(तस्वीरों के साथ)
गुवाहाटी, 16 जुलाई (भाषा) अगर आप गुवाहाटी के लोकप्रिय गोपीनाथ बोरदोलोई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के टर्मिनल-2 से गुजरेंगे तो आपको दूर से प्रतीत होगा कि आप एक बहुत बड़े बांस के जंगल से गुजर रहे हैं और स्वयं में यह एक पर्यटक स्थल लगता है।
असम की प्राकृतिक सुंदरता और सांस्कृतिक विरासत से प्रेरित शानदार डिजाइन वाला यह भव्य टर्मिनल, आधुनिक अभियांत्रिकी और पारंपरिक कला का बेहतरीन समन्वय है।
गुवाहाटी हवाई अड्डा पूर्वोत्तर भारत का प्रवेश द्वार है और यात्रियों के लिए कई तरह की आधुनिक सुविधाएं देता हैं, लेकिन इसके नए टर्मिनल-2 को जो चीज खास बनाती है, वह है इसकी प्रकृति-थीम वाली बनावट – जो देखने में बेहद शानदार है।
इस टर्मिनल के डिजाइन को ‘द बैम्बू ऑर्किड्स’ नाम दिया गया है और यह ‘कोपोऊ फूल’ और इलाके में पाए जाने वाले बांस से प्रेरित है।
टर्मिनल इमारत में लगे कंक्रीट के विशाल खंभों पर एक खास तरह की परत चढ़ी है जो हवाई अड्डे को प्रकृति से करीब होने का अहसास कराती है ।
इन कलात्मक खंभों के साथ-साथ शानदार उड़ान पूर्व प्रतीक्षा स्थल (डिपार्चर लाउंज) तक ले जाने वाले द्वार भी हैं। इन द्वारों के चारों ओर बड़ी-बड़ी डिजिटल स्क्रीन लगी हैं, जिन पर लगातार प्रकृति की तस्वीरें चलती रहती हैं। इससे न केवल वास्तुकला का स्तर बेहतर होता है, बल्कि यात्रियों को शानदार अनुभव भी होता है।
हाल ही में, प्रतिष्ठित ‘प्रिक्स वर्साय’ ने गुवाहाटी के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के टर्मिनल 2 और नवी मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (एनएमआईए) को 2026 के लिए दुनिया के सबसे खूबसूरत हवाई अड्डों की सूची में शामिल किया है। यह सम्मान दुनिया भर में बेहतरीन वास्तुकला और डिज़ाइन को मान्यता देता है।
इन दोनों हवाई अड्डों का प्रबंधन देश की सबसे बड़ी निजी हवाई अड्डा संचालन कंपनी, अदाणी एयरपोर्ट होल्डिंग्स लिमिटेड (एएएचआईएल) करती है।
‘प्रिक्स वर्साय’ तैयार सबसे खूबसूरत अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों की सूची में शामिल अन्य नाम चीन का ग्वांगझू हवाई अड्डा, जर्मनी का फ्रैंकफर्ट हवाई अड्डा और अमेरिका का पिट्सबर्ग हवाई अड्डा है।
लोकप्रिय गोपीनाथ बोरदोलोई अंतरराष्ट्रीय (एलजीबीआई) हवाई अड्डे के टर्मिनल-2 का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने दिसंबर 2025 में किया था, जबकि यात्रियों के लिए यहां से सेवाएं इस साल मार्च से शुरू हुईं।
कई यात्रियों को इसकी बनावट और आकर्षक सजावट की तस्वीरें लेते या इसकी पृष्ठभूमि के साथ सेल्फी लेते हुए देखा जा सकता है।
मुंबई में काम करने वाले गुवाहाटी निवासी 36 साल के शशांक बोरदोलोई का कहना है कि नया टर्मिनल बहुत ही शानदार है।
उन्होंने ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘मैं भी यहां पहली बार आया हूं और यह काफी अनोखा है। उन्होंने इसे बहुत अच्छे से सजाया है… हमारे पुराने हवाई अड्डे की तुलना में यह हवाई अड्डी काफी सुंदर है। मुंबई, बेंगलुरु और दूसरे टियर-1 शहरों के हवाई अड्डों से तुलना करें तो गुवाहाटी हवाई अड्डे ने काफी तरक्की की है।’’
गुवाहाटी में इस अद्वितीय टर्मिनल का डिज़ाइन प्रधानमंत्री मोदी ने फरवरी 2025 में ‘एडवांटेज असम 2.0’ में पेश किया था।
अदाणी समूह के अनुसार, टर्मिनल में करीब 140 मीट्रिक टन स्थानीय बांस का इस्तेमाल किया गया है। इससे यह भारत में प्रकृति से प्रेरित हवाई अड्डों के वास्तुशास्त्र के सबसे खास उदाहरणों में से एक बन गया है, जहां आधुनिक अभियांत्रिकी के जरिए पारंपरिक कारीगरी को नए रूप में पेश किया गया है।
कंपनी के मुताबिक डिजीयात्रा आधारित प्रवेश की सुविधा वाले इस हवाई अड्डा टर्मिनल को 2032 तक सालाना 1.31 करोड़ यात्रियों के लिए डिजाइन किया गया है। भाषा धीरज मनीषा
मनीषा