झारखंड उच्च न्यायालय ने खनन पट्टा आवंटन को लेकर मुख्यमंत्री के खिलाफ जनहित याचिका खारिज की

झारखंड उच्च न्यायालय ने खनन पट्टा आवंटन को लेकर मुख्यमंत्री के खिलाफ जनहित याचिका खारिज की

झारखंड उच्च न्यायालय ने खनन पट्टा आवंटन को लेकर मुख्यमंत्री के खिलाफ जनहित याचिका खारिज की
Modified Date: December 27, 2023 / 05:18 pm IST
Published Date: December 27, 2023 5:18 pm IST

रांची, 27 दिसंबर (भाषा) झारखंड उच्च न्यायालय ने कथित खनन पट्टा आवंटन मामले में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और उनके रिश्तेदारों के खिलाफ दायर जनहित याचिका बुधवार को खारिज कर दी।

मुख्य न्यायाधीश संजय कुमार मिश्रा और न्यायमूर्ति आनंद सेन की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने जनहित याचिका खारिज करते हुए कहा कि यह याचिका याचिकाकर्ता शिव शंकर शर्मा द्वारा दायर पहले की याचिका की पुनरावृत्ति है।

अदालत ने कहा कि सूचना का अधिकार (आरटीआई) कार्यकर्ता एवं वकील सुनील महतो की ओर से दायर जनहित याचिका में कुछ भी नया नहीं है, इसलिए इसे खारिज किया जाता है।

फैसला वीडियो कांफ्रेंस के जरिये सुनाया गया।

महतो ने अपनी जनहित याचिका में आरोप लगाया था कि रांची जिले के चान्हो में 11 एकड़ जमीन 2021 में मुख्यमंत्री की पत्नी कल्पना सोरेन और एक अन्य संबंधी के स्वामित्व वाली एक कंपनी को आवंटित की गई थी। उसी जिले के अंगारा ब्लॉक में भी 88 डिस्मिल जमीन उसी वर्ष सोरेन को आवंटित की गयी थी।

इस मामले पर नवंबर में सुनवाई हुई थी और पीठ ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था।

भाषा

सुरेश मनीषा

मनीषा


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