(तस्वीरों के साथ)
इडुक्की (केरल), चार अप्रैल (भाषा)कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने शनिवार को यहां कट्टप्पना में एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए सत्तारूढ़ वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ)पर निशाना साधा और कृषि, भूमि अधिकार और मानव-वन्य जीव संघर्ष सहित स्थानीय मुद्दों को उठाया।
केरल की 140 सदस्यीय विधानसभा चुनाव के लिए नौ अप्रैल को होने वाले मतदान से पहले प्रचार करने आए राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि एलडीएफ सरकार के शासनकाल में कृषि और बागवानी क्षेत्र बर्बाद हो गए हैं।
इडुक्की एक ऐसा जिला है, जहां बड़ी संख्या में किसान और बागान मजदूर रहते हैं।
गांधी ने कहा, ‘‘अगर वे वास्तव में वामपंथी होते, तो मजदूर और बागवानी क्षेत्र मुश्किल का सामना नहीं कर रहे होते।’’ उन्होंने दावा किया कि केरल में चाय, रबड़ और इलायची जैसी फसलों का उत्पादन घट रहा है।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष गांधी ने कहा, ‘‘पिछले चुनाव में एलडीएफ ने रबर का न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) बढ़ाकर 250 रुपये करने का वादा किया था, लेकिन उसे पूरा नहीं किया। अब भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नियंत्रण वाला रबर बोर्ड एमएसपी को 300 रुपये तक बढ़ाने को तैयार नहीं है।’’
उन्होंने आरोप लगाया कि हजारों परिवारों को भूमि अधिकारों से वंचित किया गया है।
गांधी ने कहा, ‘‘उनके पास भूमि अधिकार नहीं हैं, इसलिए वे घर नहीं बना सकते और न ही खेती कर सकते हैं।’’
उन्होंने दावा किया कि इडुक्की में स्वास्थ्य सेवा प्रणाली ‘‘पूरी तरह से ध्वस्त’’ हो चुकी है, और यहां एक भी सुपर-स्पेशियलिटी अस्पताल नहीं है, जिसके कारण लोगों को विशेषज्ञों से उपचार के लिए कोट्टायम की यात्रा करने के लिए मजबूर होना पड़ता है।
गांधी ने मानव- वन्य जीव संघर्ष का जिक्र करते हुए कहा कि अगर कांग्रेस नीत संयुक्त लोकतांत्रिक मोर्चा (यूडीएफ) सत्ता में आती है, तो वह इस मुद्दे को सुलझाने की कोशिश करेगी।
उन्होंने कहा, ‘‘मैं यहां मानव-वन्यजीव संघर्ष के संवेदनशील मुद्दे को समझता हूं। हम इसे सुलझाने के लिए काम करेंगे।’’
गांधी ने आरोप लगाया कि राज्य में बेरोजगारी बढ़ रही है। उन्होंने दावा किया कि ‘तीन में से एक’ व्यक्ति बेरोजगार है, और नौकरी पाने के लिए राजनीतिक संबद्धता आवश्यक है।
कांग्रेस नेता ने दावा किया, ‘‘वाम दलों से संबद्ध न होने वाले युवा नौकरी के लिए विदेश जाने को मजबूर हैं।’’ उन्होंने कहा कि ये मुद्दे एलडीएफ सरकार की विफलता को दर्शाते हैं।
गांधी ने राज्य में सत्तारूढ़ एलडीएफ और केंद्र की सत्ता पर काबिज भाजपा के बीच साठगांठ के अपने आरोप को दोहराया।
उन्होंने दावा किया, ‘‘भाजपा पूरे देश में अल्पसंख्यकों पर हमला करती है, मणिपुर में चर्च जलाती है और छत्तीसगढ़ में केरल की नर्सों पर हमला करती है, फिर भी एलडीएफ खुशी-खुशी उनका समर्थन ले रही है।’’
गांधी ने कहा, ‘‘वाम मोर्चा अब वाम दल नहीं रहा। यह भाजपा की तरह एक कॉरपोरेट पार्टी बन गई है।’’
उन्होंने शबरिमला मंदिर से कथित तौर पर सोने की चोरी पर कथित चुप्पी को लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की आलोचना की और दावा किया कि मुख्यमंत्री पिनराई विजयन और उनके परिवार की ‘साझेदारी’ के कारण केंद्रीय एजेंसियों द्वारा जांच नहीं की जा रही है।
गांधी ने आरोप लगाया कि मोदी अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दबाव में हैं और दावा किया कि प्रधानमंत्री और विजयन के बीच भी इसी तरह का संबंध है।
उन्होंने मुख्यमंत्री और उनके परिवार पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया और दावा किया कि ‘‘केरल का बच्चा-बच्चा यह जानता है’’।
गांधी ने कहा, ‘‘मेरा जन्म केरल में नहीं हुआ, लेकिन मैं पहले से ही केरलवासी हूं।’’
भाषा धीरज दिलीप
दिलीप