संप्रग के 10 वर्षों की तुलना में राजग ने डेढ़ गुना अधिक रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए: मोदी

संप्रग के 10 वर्षों की तुलना में राजग ने डेढ़ गुना अधिक रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए: मोदी

संप्रग के 10 वर्षों की तुलना में राजग ने डेढ़ गुना अधिक रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए: मोदी
Modified Date: February 12, 2024 / 12:18 pm IST
Published Date: February 12, 2024 12:18 pm IST

नयी दिल्ली, 12 फरवरी (भाषा) प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी ने सोमवार को कहा कि संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) सरकार के 10 वर्षों की तुलना में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) की सरकार ने डेढ़ गुना अधिक रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए हैं।

रोजगार मेले के तहत हाल ही में भर्ती किए गए एक लाख से अधिक कर्मियों को नियुक्ति-पत्र वितरित करने के बाद वीडियो कांफ्रेंस के माध्यम से उन्हें संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने पूर्ववर्ती सरकार पर भी निशाना साधा और कहा कि उस दौरान नौकरी के लिए विज्ञापन जारी होने से लेकर नियुक्ति पत्र देने तक बहुत लंबा समय लग जाता था तथा इसका फायदा उठाकर ‘रिश्वत का खेल’ भी जमकर होता था।

उन्होंने कहा, ‘‘हमने भारत सरकार में भर्ती की प्रक्रिया को अब पूरी तरह पारदर्शी बना दिया है। इतना ही नहीं, सरकार का बहुत जोर है कि भर्ती प्रक्रिया एक तय समय के भीतर पूरी कर ली जाए। इससे हर युवा को अपनी योग्यता साबित करने का समान अवसर मिलने लगा है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘आज, प्रत्येक युवा का मानना है कि वे कड़ी मेहनत और कौशल की बदौलत नौकरी हासिल कर सकते हैं। वर्तमान सरकार ने पिछले 10 वर्षों में पिछली सरकारों की तुलना में 1.5 गुना अधिक युवाओं को नौकरी दी है।’’

यह जानकारी देते हुए कि आज रोजगार मेले के माध्यम से रेलवे में भी भर्ती हो रही है, प्रधानमंत्री ने इस बात पर प्रकाश डाला कि जब यात्रा की बात आती है तो रेलवे आम लोगों की पहली पसंद है।

मोदी ने इस तथ्य की ओर ध्यान आकर्षित किया कि भारत में रेलवे बड़े पैमाने पर बदलाव के दौर से गुजर रही है और अगले दशक में इस क्षेत्र का पूरी तरह कायाकल्प होगा।

उन्होंने कहा कि 2014 से पहले रेलवे पर ज्यादा ध्यान नहीं दिया गया था जबकि आज रेल लाइनों का विद्युतीकरण और दोहरीकरण बढ़ा है और साथ ही नयी ट्रेनों को हरी झंडी दिखाने और यात्रियों के लिए सुविधाओं में भी वृद्धि हुई है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि 2014 में उनके सत्ता में आने के बाद रेलवे के आधुनिकीकरण और उन्नयन पर ध्यान केंद्रित करते हुए पूरे ट्रेन यात्रा अनुभव को फिर से नया बनाने के लिए एक अभियान शुरू किया गया था।

उन्होंने बताया कि इस वर्ष के बजट के तहत वंदे भारत एक्सप्रेस जैसी 40,000 आधुनिक बोगियां तैयार कर उन्हें सामान्य ट्रेनों में जोड़ा जाएगा, जिससे यात्रियों के लिए सुविधा और सहूलियत बढ़ेगी।

संपर्क के दूरगामी प्रभाव पर प्रकाश डालते हुए प्रधानमंत्री ने नए बाजारों, पर्यटन के विस्तार, नए व्यवसायों और बेहतर संपर्क के कारण लाखों नौकरियों के सृजन का उल्लेख किया।

प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘विकास को गति देने के लिए बुनियादी ढांचे में निवेश बढ़ाया जा रहा है।’’

उन्होंने कहा कि हाल के बजट में बुनियादी ढांचे में निवेश के लिए 11 लाख करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।

उन्होंने कहा कि नई रेल, सड़क, हवाई अड्डे और जलमार्ग परियोजनाएं रोजगार के नए अवसर पैदा करेंगी।

यह देखते हुए कि कई नयी नियुक्तियां अर्धसैनिक बलों में हुई हैं, प्रधानमंत्री ने अर्धसैनिक बलों के लिए चयन प्रक्रिया में सुधार पर ध्यान दिया और बताया कि इस जनवरी से परीक्षा हिंदी और अंग्रेजी के अलावा 13 भारतीय भाषाओं में आयोजित की जाएगी।

उन्होंने कहा, ‘‘इससे लाखों उम्मीदवारों को समान अवसर मिलेगा।’’

प्रधानमंत्री ने कहा कि आज भारत, दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम है और देश में स्टार्टअप्स की संख्या अब 1.25 लाख के आसपास पहुंच रही है।

उन्होंने कहा, ‘‘इनमें बड़ी संख्या में स्टार्टअप टीयर 2 और टीयर 3 शहरों में हैं। इन स्टार्टअप्स से युवाओं के लिए लाखों रोजगार बन रहे हैं। इस बार के बजट में स्टार्टअप को मिलने वाली टैक्स छूट को आगे बढ़ाने का भी ऐलान किया गया है।’’

प्रधानमंत्री ने हाल के बजट में 1 करोड़ से अधिक घरों के लिए रूफटॉप सौर ऊर्जा योजना की घोषणा का उल्लेख करते हुए कहा कि इसका परिवार की वित्तीय स्थिति पर बहुआयामी प्रभाव पड़ेगा।

उन्होंने इसका जिक्र करते हुए कहा, ‘‘यह उन्हें अपने लिए बिजली पैदा करने के साथ-साथ अधिशेष बिजली से आय उत्पन्न करने में सक्षम करेगा।’’

कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री ने राजधानी दिल्‍ली में समेकित कर्मयोगी भवन परिसर के पहले चरण का शिलान्‍यास भी किया। इस परिसर का उद्देश्‍य मिशन कर्मयोगी की विभिन्‍न शाखाओं के बीच तालमेल और सहयोग को बढ़ावा देना है।

नवनियुक्त युवा विभिन्न मंत्रालयों व विभागों जैसे राजस्व विभाग, गृह मंत्रालय, उच्च शिक्षा विभाग, परमाणु ऊर्जा विभाग, रक्षा मंत्रालय, वित्तीय सेवा विभाग, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, जनजातीय मामलों के मंत्रालय और रेलवे मंत्रालय में विभिन्न पदों पर भर्ती होकर सरकार में शामिल होंगे।

भाषा ब्रजेन्द्र

ब्रजेन्द्र मनीषा

मनीषा


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