भुवनेश्वर, 10 मई (भाषा) भुवनेश्वर के बाहरी इलाके में सात मई को एक महिला से दुष्कर्म का प्रयास करने के आरोपी राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) कांस्टेबल की भीड़ द्वारा कथित तौर पर पीट-पीटकर हत्या करने के मामले में कम से कम चार पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया और दो होम गार्ड को सेवा से हटा दिया गया।
यह कार्रवाई रविवार को ऐसे समय में हुई जब कुछ ही घंटे पहले ओडिशा पुलिस की अपराध शाखा ने इसको लेकर जांच शुरू की।
मामले की संवेदनशीलता को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी द्वारा ओडिशा पुलिस को यह आदेश जारी करने के एक दिन बाद अपराध शाखा ने मामले को अपने हाथ में ले लिया।
इस घटनाक्रम में एक महिला के यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया गया है और मृतक (कांस्टेबल) के परिजन ने कथित महिला शिकायतकर्ता का ‘पॉलीग्राफ’ परीक्षण कराने की मांग की है।
भुवनेश्वर-कटक पुलिस आयुक्त कार्यालय के अनुसार, चार पुलिसकर्मियों – एक उप निरीक्षक (एसआई), एक सहायक उपनिरीक्षक (एएसआई), बलियानाटा थाने के ओडिशा सशस्त्र पुलिस बल (ओएपीएफ) के एक कर्मी और पीसीआर (पुलिस नियंत्रण कक्ष) वाहन स्टाफ के एक कांस्टेबल को कर्तव्य में लापरवाही के आरोप में निलंबित कर दिया गया।
एक अधिकारी ने बताया कि पीसीआर वैन में मौजूद दोनों होम गार्ड को सेवा समाप्ति का नोटिस दे दिया गया है और उनके संगठनों को सूचित कर दिया गया है।
सूत्रों ने बताया कि एक महिला द्वारा दुष्कर्म के प्रयास के आरोप लगाए जाने के बाद हंसापाल-भिंगरपुर रोड़ पर रामचंद्रपुर पुल के पास जीआरपी कांस्टेबल सौम्य रंजन स्वैन (32) की भीड़ ने पीट कर हत्या कर दी थी।
ये कर्मी घटनास्थल पर पहुंचने वाले पहले व्यक्ति थे।
बलिआंता थाने के प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार परिदा का तबादला कर उन्हें भुवनेश्वर मुख्यालय में तैनात कर दिया गया है। निरीक्षक रश्मिता बेहरा को बलिआंता थाने का नया प्रभारी नियुक्त किया गया है।
अपराध शाखा के पुलिस अधीक्षक (एसपी) अनिरुद्ध राउत्रे और पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी) रत्नप्रभा सतपति ने पहले ही घटनास्थल का दौरा कर चुके हैं।
अपराध शाखा के पुलिस उप महानिरीक्षक (डीआईजी) बट्टुला गंगाधर ने कहा, ‘‘टीम मामले के विभिन्न पहलुओं की जांच करेंगी।’’
पुलिस ने बताया कि 32-वर्षीय सौम्य की भीड़ द्वारा पीटकर हत्या करने में कथित संलिप्तता के लिए अब तक 11 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है।
भाषा यासिर नरेश
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