न्यायालय ने असम में दर्ज प्राथमिकी में पत्रकार अभिसार शर्मा को चार सप्ताह का अंतरिम संरक्षण दिया

न्यायालय ने असम में दर्ज प्राथमिकी में पत्रकार अभिसार शर्मा को चार सप्ताह का अंतरिम संरक्षण दिया

न्यायालय ने असम में दर्ज प्राथमिकी में पत्रकार अभिसार शर्मा को चार सप्ताह का अंतरिम संरक्षण दिया
Modified Date: August 28, 2025 / 11:29 am IST
Published Date: August 28, 2025 11:29 am IST

नयी दिल्ली, 28 अगस्त (भाषा) उच्चतम न्यायालय ने बृहस्पतिवार को पत्रकार अभिसार शर्मा को असम में उनके खिलाफ दर्ज प्राथमिकी में चार सप्ताह के लिए अंतरिम संरक्षण प्रदान किया।

यह प्राथमिकी असम की नीतियों की कथित तौर पर आलोचना करने वाले एक वीडियो पोस्ट को लेकर दर्ज की गई है।

न्यायमूर्ति एम एम सुंदरेश और न्यायमूर्ति एन कोटिश्वर सिंह की पीठ ने शर्मा को अंतरिम संरक्षण देते हुए उनसे प्राथमिकी रद्द कराने के लिए गौहाटी उच्च न्यायालय का रुख करने को कहा।

बहरहाल, उच्चतम न्यायालय ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 152 की वैधता को चुनौती देने वाली उनकी अर्जी पर केंद्र को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। यह धारा भारत की संप्रभुता, एकता और अखंडता को खतरे में डालने वाले कृत्यों से संबंधित है।

वकील सुमीर सोढ़ी के जरिए दायर याचिका में कहा गया है कि शर्मा द्वारा अपने यूट्यूब चैनल पर पोस्ट एक वीडियो के खिलाफ एक व्यक्ति की शिकायत पर प्राथमिकी दर्ज की गयी है। वीडियो में उन्होंने एक निजी कंपनी को सीमेंट कारखाना स्थापित करने के लिए आदिवासी बहुल दीमा हसाओ जिले में 3,000 बीघा जमीन आवंटित करने पर सवाल उठाया है।

भाषा

गोला मनीषा

मनीषा


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