Shivraj Singh on Congress | Photo Credit: AI
नई दिल्ली: Shivraj Singh on Congress कांग्रेस ने वंदे मातरम् के गायन (Singing of Vande Mataram) को लेकर अपना रुख साफ कर लिया है। कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल ने कहा कि पार्टी 1937 में हुई कांग्रेस बैठक में लिए गए फैसले का पालन करेगी। इसके तहत पार्टी के कार्यक्रमों में वंदे मातरम के केवल दो अंतरे गाए जाएंगे। जिसको लेकर अब सियासी बवाल मचा हुआ है। कांग्रेस के इस फैसलों को लेकर भाजपा ने बड़ी आलोचना की है। केंद्रीय कृषि और किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कांग्रेस पर बड़ा पलटवार किया है।
Shivraj Singh on Congress मंत्री शिवराज सिंह ने कांग्रेस के इस फैसले को असंवैधानिक बताया है। उन्होंने सोशल मीडिया एक्स पर एक पोस्ट कर कहा कि ‘राष्ट्रगीत वंदे मातरम् को पूरा न गाने का कांग्रेस का फैसला असंवैधानिक है। क्या कांग्रेस संसद और संविधान से ऊपर है? वंदे मातरम् पूरा न गाने का फैसला मुस्लिम लीग के दबाव में लिया गया था। आज भी उसी निर्णय को मानना कांग्रेस की लीगी मानसिकता को प्रदर्शित करता है। कांग्रेस भारत, भारतीय संस्कृति, जीवन मूल्य और परंपराओं से कभी जुड़ी ही नहीं रही। वंदे मातरम् का अपमान-भारत माता का अपमान है। जिसे देश कभी माफ नहीं करेगा।’
राष्ट्रगीत वंदे मातरम् को पूरा न गाने का कांग्रेस का फैसला असंवैधानिक है। क्या कांग्रेस संसद और संविधान से ऊपर है?
वंदे मातरम् पूरा न गाने का फैसला मुस्लिम लीग के दबाव में लिया गया था। आज भी उसी निर्णय को मानना कांग्रेस की लीगी मानसिकता को प्रदर्शित करता है।
कांग्रेस भारत,…
— Shivraj Singh Chouhan (@ChouhanShivraj) August 20, 2026
आपको बता दें कि बुधवार को नई दिल्ली के इंदिरा भवन में कांग्रेस वर्किंक कमेटी की बैठक हुई। जिसमें इसमें ही वंदे मातरम पर कांग्रेस ने यह फैसला लिया। केसी वेणुगोपाल ने कहा कि वंदे मातरम और राष्ट्रगान कांग्रेस के लिए भावनात्मक मुद्दे हैं, जबकि भाजपा के लिए ये राजनीतिक मुद्दे हैं। 1950 में संविधान सभा ने वंदे मातरम को राष्ट्रीय गीत का दर्जा दिया था। इसमें कुल 6 पैरा हैं।