कोलकाता, आठ जुलाई (भाषा) तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) द्वारा बारुईपुर कांड के विरोध में निकाली गई रैली के दौरान टीएमसी की युवा शाखा और भाजपा कार्यकर्ता आपस में भिड़ गए। पुलिस ने लाठीचार्ज कर स्थिति को नियंत्रित किया।
बारुईपुर में 11 वर्षीय बच्ची के साथ दुष्कर्म और उसकी हत्या के विरोध में टीएमसी ने कोलकाता में यह विरोध रैली आहूत की थी।
कलकत्ता उच्च न्यायालय से अनुमति मिलने के बाद टीएमसी की युवा शाखा के कार्यकर्ताओं की यह रैली दक्षिण कोलकाता के बालीगंज फाड़ी से शुरू हुई। इस रैली को भाजपा कार्यकर्ताओं ने रास्ते में कई बार रोकने की कोशिश की। भाजपा कार्यकर्ताओं ने ‘चोर-चोर’ के नारे लगाए और हाजरा रोड पर रैली के मार्ग के बीच में खड़े होकर रास्ता रोकने का प्रयास किया।
रैली के दौरान दोनों पक्षों के उग्र कार्यकर्ताओं के बीच हाथापाई हुई। स्थिति पर काबू पाने के लिए सुरक्षा बलों को हल्का लाठीचार्ज करना पड़ा।
प्रदर्शन कर रहे भाजपा कार्यकर्ताओं का कहना था कि तृणमूल कांग्रेस को बारुईपुर की घटना पर विरोध रैली निकालने का ‘कोई अधिकार नहीं है।’
उन्होंने आरोप लगाया कि ममता बनर्जी सरकार ‘महिलाओं के खिलाफ अपराध करने वाले अपराधियों को संरक्षण देती आई है’ और अक्सर ऐसी घटनाओं को ‘छोटी घटना’ बताकर टाल देती है। हालांकि, प्रदर्शनकारी तृणमूल कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया।
इससे पहले, कलकत्ता उच्च न्यायालय ने मंगलवार को कोलकाता पुलिस के उस आदेश को रद्द कर दिया था जिसमें रैली की अनुमति नहीं दी गई थी। अदालत ने कुछ कड़ी शर्तों के साथ तृणमूल कांग्रेस को इस आयोजन की इजाजत दी थी।
आम लोगों को होने वाली असुविधा को कम करने के लिए अदालत ने रैली के मार्ग में थोड़ा बदलाव किया था और इसका समापन बिंदु शरत बोस रोड पर स्थित लैंसडाउन मार्केट के बजाय हाजरा क्रॉसिंग तय किया था।
अदालत ने रैली के समय में भी बदलाव करते हुए इसे दोपहर 2:30 बजे से शाम 4:30 बजे तक कर दिया था, जबकि पहले यह दोपहर 3 बजे से शाम 6 बजे तक प्रस्तावित थी।
इसके साथ ही लाउडस्पीकर के इस्तेमाल पर रोक लगाते हुए केवल हाथ वाले माइक का उपयोग करने की अनुमति दी गई थी।
अदालत ने रास्ते का एक हिस्सा यातायात के लिए खुला रखने और रैली में शामिल लोगों की संख्या 1,000 से अधिक न होने की शर्त भी रखी थी।
रैली में शामिल तृणमूल कांग्रेस नेताओं ने अपने समर्थकों से शांति और अनुशासन बनाए रखने की अपील की और भाजपा पर कार्यक्रम में व्यवधान डालने का आरोप लगाया।
दूसरी ओर, भाजपा नेताओं का आरोप था कि तृणमूल कांग्रेस युवा इकाई के कार्यकर्ताओं ने उनके समर्थकों को उकसाया। इस रैली के कारण दक्षिण कोलकाता के कई हिस्सों में यातायात प्रभावित हुआ।
पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि भारी सुरक्षा के बीच रैली के हाजरा की ओर बढ़ने के दौरान स्थिति तनावपूर्ण लेकिन नियंत्रण में रही।
भाषा सुमित पवनेश
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