कोलकाता, 10 जनवरी (भाषा)तृणमूल कांग्रेस ने शनिवार को आगामी पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों के लिए अपना चुनावी गीत जारी किया। इसमें तृणमूल ने दावा किया कि पार्टी लगातार चौथी बार सत्ता में वापसी करेगी।
यह गीत मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के बीच तृणमूल के आईटी प्रकोष्ठ के प्रमुख प्रतीक जैन के आवास और कार्यालय पर हुई छापेमारी को लेकर हुए गतिरोध के दो दिन बाद जारी किया गया है।
चुनाव प्रचार गीत की मुख्य पंक्ति कहती है, ‘‘अपने ऊपर होने वाले सभी हमलों के बावजूद बंगाल फिर से जीतेगा। हम एक नए रास्ते पर एक नई दिशा के साथ आगे बढ़ रहे हैं, तुम्हारा अंधकार नई सुबह के सामने हार जाएगा।’’ गीतों में राजनीतिक मुद्दों का भी जिक्र है।
गाने के बोल हैं, ‘‘हम एसआईआर (मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण) या एनआरसी (राष्ट्रीय नागरिक पंजी) से नहीं डरेंगे, अब भी आपके पास मां बंगाल की ताकत को पहचानने का समय है।’’गाने के वीडियो में ममता बनर्जी और पार्टी के दूसरे सबसे बड़े नेता अभिषेक बनर्जी को दिखाया गया है।
तृणमूल कांग्रेस मतदाता सूची के चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की कड़ी आलोचना कर रही है। उसका आरोप है कि यह प्रक्रिया निर्वाचन आयोग द्वारा भाजपा के इशारे पर की जा रही है और विधानसभा चुनावों से पहले बड़ी संख्या में लोगों के नाम हटाने के लिए इसे जल्दबाजी में किया जा रहा है ताकि ‘भगवा ब्रिगेड’ को फायदा मिल सके।
गीत के बोल हैं, ‘‘इस भूमि में सबके लिए जगह है। प्रेम धमकियों के आगे नहीं झुकता।’’साथ ही साथ अपने राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों को राज्य की सत्तारूढ़ पार्टी को चुनौती देने से पहले ‘‘अपनी रक्षा करने’’ की चेतावनी भी दी गई है।
वीडियो में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की लाल रंग की पोशाक में तस्वीरें दिखाई गई हैं, और गीत के बोल हैं, ‘‘अत्याचारी, अपने किले की रक्षा खुद करो।’’
भाजपा शासित राज्यों में बांग्ला भाषी प्रवासी श्रमिकों पर हमलों के आरोपों का जिक्र करते हुए गीत में कहा गया, ‘‘आपने धार्मिक आधार पर विभाजन पैदा किया है और बांग्ला भाषा का अपमान किया है। बंगाल जानता है कि इनका जवाब कैसे देना है।’’
गीत के बोलों में दावा किया गया है कि राज्य में विकास ‘‘तूफानों के बावजूद’’ जारी रहेगा और यह भी कहा गया है कि बंगाल की सामाजिक एकता को किसी भी ताकत से तोड़ा नहीं जा सकता।
इस गीत में यह भी आरोप लगाया गया है कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस और रवींद्रनाथ टैगोर जैसी हस्तियों का विपक्ष द्वारा अपमान किया गया। हालांकि, इसमें भाजपा का नाम नहीं लिया गया है।
भाषा धीरज रंजन
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