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UP Illegal Properties: UP में जब से योगी आदित्यनाथ की सरकार बनी है तब से अपराध के मामले में जीरो टॉलरेंस की नीति चल रही है। जिससे प्रदेश के तमाम अपराधी थर्राए हुए हैं। योगी आदित्यनाथ के सीएम बनने के बाद अपराधियों पर ऐसा हंटर चला है कि प्रदेश में 66 महीनों में ही अपराधियों की 4 हजार करोड़ की अवैध संपत्तियों को जब्त कर लिया गया है। जिनमें प्रमुखता से बात की जाए तो अतीक अहमद की 959 करोड़ तो मुख्तार अंसारी की 448 करोड़ की अवैध संपत्तियां जब्त हुई हैं।
UP में योगी का हंटर 12 जोन या कमिश्नरी में जमकर चला है। 66 महीनों में 4 हजार करोड़ से ज्यादा की अवैध संपत्तियां जब्त की गई हैं। तो वहीं, गोरखपुर जोन में सबसे ज्यादा 593 करोड़ से ज्यादा की अवैध संपत्तियां जब्त हुई हैं।
UP Illegal Properties: UP में अपराधियों के खिलाफ अभियान में अवैध संपत्तियों के जब्तीकरण में गोरखपुर टॉप जोन बना तो कमिश्नरेट में कानपुर टॉप पर रहा। कानपुर कमिश्नरेट में कुल 792 करोड़ से ज्यादा की अवैध संपत्तियां जब्त हुईं। लखनऊ में 34 मामलों में 579 करोड़ से ज्यादा की संपत्तियां जब्त की गई। गैंगस्टर एक्ट के तहत अपराधियों की अवैध संपत्तियों को जब्त किया गया।
• आगरा-193 मामलों में 333 करोड़ से ज्यादा की संपत्तियां जब्त
• प्रयागराज- 181 मामलों में 331 करोड़ से ज्यादा की संपत्तियां जब्त
• बरेली-301 मामलों में 218 करोड़ से ज्यादा की संपत्तियां जब्त
• गोरखपुर-284 मामलों में 593 करोड़ से ज्यादा की संपत्तियां जब्त
• कानपुर-216 मामलों में 348 करोड़ से ज्यादा की संपत्तियां जब्त
• लखनऊ-577 मामलों में 470 करोड़ से ज्यादा की संपत्तियां जब्त
• मेरठ-269 मामलों में 417 करोड़ से ज्यादा की संपत्तियां जब्त
• वाराणसी-748 मामलों में 406 करोड़ से ज्यादा की संपत्तियां जब्त
• कानपुर-14 मामलों में 792 करोड़ से ज्यादा की संपत्तियां जब्त
• लखनऊ-34 मामलों में 579 करोड़ से ज्यादा की संपत्तियां जब्त
• वाराणसी-33 मामलों में 19 करोड़ से ज्यादा की संपत्तियां जब्त
• गौतमबुद्धनगर-87 मामलों में 229 करोड़ से ज्यादा की संपत्तियां जब्त
• 25 हजार तक- कुल 12811 अपराधी
• 25-50 हजार तक- कुल 1317 अपराधी
• 50 हजार से अधिक- कुल 150 अपराधी
• अतीक अहमद- 959 करोड़
• मुख्तार अंसारी (Mukhtar Ansari)-448 करोड़
• देवेंद्र सिंह- 111 करोड़
• यशपाल तोमर -94 करोड़
• दिलीप मिश्रा- 32 करोड़
• ध्रुव सिंह- 20 करोड़
• अनुपम दुबे- 19.4 करोड़
• सुनील राठी- 12 करोड़
• सुशील मूंछ- 3.45 करोड़