vijay shah/ image source: IBC24
भोपाल: कर्नल सोफिया पर दिए बयान के बाद पूरे देश में विजय शाह की जमकर किरकिरी हुई। और यह मामला अभी तक शांत नहीं हुआ है। सुप्रीम कोर्ट को इस मामले में हस्तक्षेप करना पड़ा है। जिसके बाद मंत्री बीते कई महीने से चुप्पी साधे हुए है। हाल ही में मंत्री विजय शाह ने माफी मांगी है।
फ़रवरी को सुप्रीम कोर्ट में होने वाली सुनवाई से पहले एक बार फिर मध्य प्रदेश के मंत्री विजय शाह ने माफ़ी मांगी है। इंदौर में मीडिया को बयान देते हुए विजय शाह ने कहा है की मैने पहले भी कई बार कहा है, आज फिर दोहरा रहा हूं, मेरा कोई उद्देश्य नहीं था की किसी महिला अधिकारी, भारतीय सेना और समाज किसी वर्ग का अपमान हो।
विजय शाह ने कहा की नि संदेह मेरे शब्द मेरी भावना के अनुरूप नहीं थे, देश भक्ति की उत्साह भावना और आवेश में निकले थे, लेकिन गलती की पीछे की भावना को अवश्य देखा जाना चाहिए, विजय शाह ने कहा की मेरी कोई दुर्भावना भी नहीं थी, मैं आज भी क्षमा याचना कर रहा हूं।
मेरे लिए अत्यंत पीड़ा दायक है कि मेरी छोटी सी त्रुटि से विवाद उत्पन्न हुआ, भारतीय सेना के प्रति मेरे मन में सदैव सम्मान रहा है वह हमेशा रहेगा, सार्वजनिक जीवन में रहते हुए शब्दों की मर्यादा जरूरी है, अपने बयान पर मंत्री ने कहा की इस घटना से मैने आत्म मंथन किया है।
मैंने सबक लिया है और जिम्मेदारी मानता हूं, लेकिन भविष्य में वाणी पर नियंत्रण रहेगा और ऐसी गलती नहीं होगी, एक बार पुनः इस प्रकरण से आहत नागरिकों से और भारतीय सेना से में माफी मांगता हु, मंत्री विजय शाह के खिलाफ अभियोजन की मंजूरी के मामले में मध्यप्रदेश सरकार को 9 फरवरी को सुप्रीम कोर्ट में अपना जवाब दाखिल करना है, इससे पहले कोर्ट ने राज्य सरकार को 15 दिनों के भीतर निर्णय लेने के निर्देश दिए थे।
मंत्री विजय शाह 11 मई को इंदौर के महू के रायकुंडा गांव में आयोजित हलमा कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर को लेकर कहा था- ‘उन्होंने कपड़े उतार-उतार कर हमारे हिंदुओं को मारा और मोदी जी ने उनकी बहन को उनकी ऐसी की तैसी करने उनके घर भेजा।’ शाह ने आगे कहा- ‘अब मोदी जी कपड़े तो उतार नहीं सकते। इसलिए उनकी समाज की बहन को भेजा, कि तुमने हमारी बहनों को विधवा किया है, तो तुम्हारे समाज की बहन आकर तुम्हें नंगा करके छोड़ेगी। देश का मान-सम्मान और हमारी बहनों के सुहाग का बदला तुम्हारी जाति, समाज की बहनों को पाकिस्तान भेजकर ले सकते हैं।’इस बयान के बाद से मंत्री ने कई बार माफी भी मांगी है।