Gwalior Cyber ​​Fraud: पेंशनर्स हो जाएं सावधान, वेरिफिकेशन के नाम पर बुजुर्ग के साथ हो गया खेला, शातिर ने दो मिनट में ऐसे उड़ाए लाखों रुपये

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Gwalior Cyber ​​Fraud: ग्वालियर में बुजुर्ग पेंशनर्स से साइबर ठगी की वारदात सामने आई है। पेंशन वेरिफिकेशन के नाम पर 7.40 लाख रुपए ठग लिए गए।

Gwalior Cyber ​​Fraud

HIGHLIGHTS
  • ग्वालियर में रेलवे के सेवानिवृत्त कर्मचारी से पेंशन वेरिफिकेशन के नाम पर ₹7.40 लाख की साइबर ठगी
  • ठग ने खुद को रेलवे कर्मचारी बताकर वीडियो कॉल की और OTP हासिल कर दो मिनट में रकम ट्रांसफर कर ली
  • साइबर सेल ने मामला दर्ज कर बैंक ट्रांजेक्शन और मोबाइल नंबर की जांच शुरू कर दी है

ग्वालियर। Gwalior Cyber ​​Fraud: आज के डिजिडल युग के दौरा में साइबर ठगी के मामले बढ़ते ही जा रहें हैं। प्रदेश में आए दिन ठगी की अलग-अलग घटनाएं सामने आते रहती है। वहीं, इसी बीच ग्वालियर में बुजुर्ग पेंशनर्स से साइबर ठगी की वारदात सामने आई है। यहां चार शहर का नाका क्षेत्र में रहने वाले रेलवे के सेवानिवृत्त कर्मचारी बीएल शर्मा से पेंशन वेरिफिकेशन के नाम पर 7.40 लाख रुपए ठग लिए गए। ठग ने खुद को झांसी रेल मंडल का कर्मचारी बताकर वीडियो कॉल की और महज दो मिनट में दो ट्रांजेक्शन से पूरी रकम उड़ा दी। पीड़ित की शिकायत पर साइबर सेल ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

खुद को बताया रेल मंडल का कर्मचारी

Gwalior Cyber ​​Fraud दअरसल, मामला हजीरा क्षेत्र का है। चार शहर का नाका निवासी बीएल शर्मा रेलवे सेवानिवृत्त हैं। उनके मोबाइल पर एक अज्ञात नंबर से कॉल आया। फोन करने वाले ने खुद को झांसी रेल मंडल का कर्मचारी बताया और कहा कि उनका पेंशन वेरिफिकेशन अभी तक लंबित है। उसी दिन इसकी अंतिम तिथि है वरना पेंशन रुक जाएगी। ठग ने वीडियो कॉल के जरिए प्रक्रिया पूरी करने का दबाव बनाया। बीएल शर्मा ने इसे सरकारी प्रक्रिया समझकर बातचीत जारी रखी। ठग के पास उनके बैंक खाते और पेंशन से जुड़ी कुछ जानकारी पहले से थी जिससे उन्हें कोई शक नहीं हुआ।

2 मिनट में उड़ाए 7.40 लाख

Gwalior Cyber ​​Fraud जल्दबाजी में उन्होंने मोबाइल पर आए ओटीपी भी साझा कर दिए। वीडियो कॉल खत्म होते ही केनरा बैंक से लगातार दो SMS आए पहले ट्रांजेक्शन में 5 लाख रुपए और दूसरे में 2.40 लाख रुपए उनके खाते से निकल गए। सिर्फ दो मिनट के अंदर साइबर अपराधी 7.40 लाख रुपए पार कर चुके थे। ठगी का अहसास होते ही बीएल शर्मा एसपी कार्यालय स्थित साइबर सेल पहुंचे और लिखित शिकायत की। बैंक स्टेटमेंट की जांच के बाद पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। साइबर सेल बैंक ट्रांजेक्शन और मोबाइल नंबर की लोकेशन ट्रेस कर रही है।

एफआईआर दर्ज, जांच शुरू

ग्वालियर ASP जयराज कुबेर ने कहा कि, साइबर ठगों ने अब बुजुर्गों और पेंशनभोगियों को निशाना बनाना शुरू कर दिया है। चार शहर का नाका क्षेत्र में रहने वाले रेलवे के सेवानिवृत्त कर्मचारी बीएल शर्मा से पेंशन वेरिफिकेशन के नाम पर 7.40 लाख रुपए ठग लिए गए। ठग ने खुद को झांसी रेल मंडल का कर्मचारी बताकर वीडियो कॉल की और महज दो मिनट में दो ट्रांजेक्शन से पूरी रकम उड़ा दी। पीड़ित की शिकायत पर साइबर सेल ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

 

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ग्वालियर में साइबर ठगी कैसे हुई?

ठग ने खुद को रेलवे कर्मचारी बताकर पेंशन वेरिफिकेशन के नाम पर वीडियो कॉल की और OTP लेकर कथित रूप से ₹7.40 लाख निकाल लिए।

पीड़ित कौन हैं?

पीड़ित रेलवे के एक सेवानिवृत्त कर्मचारी हैं।

कितनी रकम की ठगी हुई?

शिकायत के अनुसार कुल ₹7.40 लाख की ठगी हुई।

पुलिस ने क्या कार्रवाई की है?

साइबर सेल ने एफआईआर दर्ज कर बैंक ट्रांजेक्शन और संबंधित मोबाइल नंबर की जांच शुरू कर दी है।

ऐसी ठगी से कैसे बचें?

किसी भी कॉल पर OTP, PIN या बैंक संबंधी जानकारी साझा न करें। किसी सरकारी विभाग के नाम पर आए कॉल की आधिकारिक नंबर से पुष्टि करें।