Gehu Kharidi Registration Process. Image Source- IBC24
भोपाल। Gehu Kharidi Registration Process अगर आप मध्यप्रदेश में रहते हैं और किसान हैं तो यह खबर आपके लिए है। राज्य सरकार ने रबी विपणन वर्ष 2026-27 के लिए समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी की तैयारियां तेज कर दी है। अगर आप भी गेंहू बेचने की तैयारी कर रहे हैं तो आपको 7 मार्च 2026 तक पंजीयन कराना होगा। इसके बाद ही आप समर्थन मूल्य पर गेहूं बेंच सकेंगे। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने किसानों से अपील की है कि वे अंतिम तिथि का इंतजार न करें और समय रहते पंजीयन कराएं।
बता दें कि इस वर्ष केंद्र सरकार ने गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य 2585 रुपये प्रति क्विंटल तय किया है, जो पिछले साल से 160 रुपये अधिक है। प्रदेशभर में 3186 पंजीयन केंद्र बनाए गए हैं, ताकि किसानों को सुविधा मिल सके। किसानों के लिए पंजीयन की निःशुल्क और सशुल्क दोनों व्यवस्था की गई है। ग्राम पंचायत, जनपद पंचायत, तहसील कार्यालय और सहकारी समितियों में किसान बिना शुल्क के पंजीयन करा सकेंगे। वहीं एमपी ऑनलाइन, कॉमन सर्विस सेंटर, लोक सेवा केंद्र और निजी साइबर कैफे पर अधिकतम 50 रुपये शुल्क लिया जाएगा। शुल्क नियंत्रण की जिम्मेदारी कलेक्टरों को दी गई है।
Gehu Kharidi Registration Process पंजीयन कराने के लिए विशेष श्रेणी के किसानों के लिए अलग प्रावधान किया गया है। सिकमी, बटाईदार, कोटवार और वन पट्टाधारी किसानों का पंजीयन केवल सहकारी समितियों के माध्यम से होगा। इनका सत्यापन राजस्व विभाग करेगा। सरकार ने स्पष्ट किया है कि पंजीयन और भुगतान के लिए आधार सत्यापन अनिवार्य रहेगा। OTP या बायोमेट्रिक के जरिए सत्यापन किया जाएगा। किसान के आधार से लिंक बैंक खाते में ही भुगतान प्राथमिकता से किया जाएगा। पंजीयन के दौरान एक रुपये का टेस्ट ट्रांजेक्शन भी किया जाएगा। निष्क्रिय, संयुक्त या पेमेंट बैंक खातों को मान्य नहीं किया जाएगा। किसान को बैंक का नाम, खाता संख्या और IFSC कोड देना अनिवार्य होगा।
नि:शुल्क पंजीयन केंद्र
सशुल्क पंजीयन केंद्र
अब तक 4 लाख 42 हजार 288 किसानों ने पंजीयन करा लिया है। किसानों को 7 मार्च तक पंजीयन की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। मंत्री राजपूत ने किसानों से निर्धारित समय सीमा के भीतर पंजीयन पूरा करने की अपील करते हुए कहा कि इस बार पंजीयन प्रक्रिया को पहले से अधिक सहज और सुगम बनाया गया है। राज्य सरकार ने पूरे प्रदेश में कुल 3186 पंजीयन केंद्र स्थापित किए हैं ताकि किसी किसान को दिक्कत न हो। केंद्र सरकार ने इस वर्ष गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) 2585 रुपये प्रति क्विंटल घोषित किया है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 160 रुपये अधिक है।