भोपाल, 20 जुलाई (भाषा) मध्यप्रदेश सरकार ने सोमवार को विधानसभा में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) विधेयक, 2026 पेश किया हालांकि मुख्यमंत्री मोहन यादव से जुड़े कथित भूमि खरीद मामले पर चर्चा की कांग्रेस की मांग को लेकर सदन में जबरदस्त हंगामा हुआ।
मध्यप्रदेश विधानसभा के पांच दिवसीय मानसून सत्र की शुरुआत सोमवार से हुई।
कांग्रेस सदस्यों ने उज्जैन में कथित भूमि खरीद मामले पर तत्काल चर्चा कराने की मांग की।
कांग्रेस विधायकों के आसन के समक्ष आकर नारेबाजी करने पर विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर ने सदन की कार्यवाही 30 मिनट के लिए स्थगित कर दी। तोमर ने कहा कि यूसीसी विधेयक पर चर्चा मंगलवार को कराई जाएगी।
हाल में एक समाचार पत्र की खबर में दावा किया गया था कि यादव के मुख्यमंत्री बनने के बाद उन्होंने और उनके परिजनों ने बड़े पैमाने पर भूमि खरीदी।
हालांकि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इन आरोपों को निराधार बताया। प्रश्नकाल समाप्त होने के बाद नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने स्थगन प्रस्ताव के माध्यम से मुख्यमंत्री और उनके परिजनों से जुड़ी कथित भूमि खरीद का मुद्दा उठाया, जिसका भाजपा विधायकों और मंत्रियों ने कड़ा विरोध किया।
संसदीय कार्य मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने इस मांग का विरोध करते हुए कहा कि स्थगन प्रस्ताव के माध्यम से इस विषय पर चर्चा नहीं कराई जा सकती।
उन्होंने कहा कि स्थगन प्रस्ताव सामान्यतः हाल की घटनाओं से जुड़े मामलों पर लाया जाता है, पुराने मामलों पर नहीं।
इस बीच कांग्रेस विधायक आसन के समक्ष पहुंचकर नारेबाजी करने लगे।
सिंघार ने कहा कि उनका स्थगन प्रस्ताव सिंहस्थ क्षेत्र से जुड़ी कथित भूमि खरीद और मुख्यमंत्री के परिवार द्वारा कथित रूप से भूमि खरीद के मुद्दे से संबंधित है, इसलिए इस पर चर्चा कराई जानी चाहिए।
कांग्रेस सदस्यों के शांत नहीं होने पर अध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही 30 मिनट के लिए स्थगित कर दी।
भाषा दिमो जितेंद्र
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