इंदौर। CM Mohan Yadav Statement: एमपी के सीएम डॉ. मोहन यादव ने मीडिया से बातचीत में सीएम ने बताया कि देश का पहला प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस (PM College of Excellence) मध्यप्रदेश में शुरू किया गया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश देश के सबसे कम बेरोजगारी दर वाले राज्यों में शामिल है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आने वाले ढाई सालों में सिंचाई का रकबा 100 लाख हेक्टेयर तक बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है।
उन्होंने बताया कि कांग्रेस के कार्यकाल में प्रति व्यक्ति आय सिर्फ 11 हजार रुपये थी, वहीं भाजपा सरकार आने के बाद यह बढ़कर 1.07 लाख रुपये से अधिक हो चुकी है। सीएम ने आगे कहा कि सरकार का लक्ष्य 2047 तक MP में अमृतकाल तक प्रति व्यक्ति आय को 22.50 लाख रुपये तक पहुंचना है।
मप्र में सबसे कम बेरोजगारी दर। लक्ष्य है 2047 तक प्रति व्यक्ति आय 22.50 लाख प्रति माह हो। सिंचाई रकबा 100 लाख हेक्टेयर करेंगे… सीएम डॉ मोहन यादव, इंदौर में pic.twitter.com/aUZjFYW5Vg
— SanjayGupta_Journalist (@sanjaygupta1304) June 18, 2026
आपको बता दें कि बुधवार को सीएम (CM Mohan Yadav Statement) ने एक कार्यक्रम के दौरान कहा था कि हमारी सरकार प्रदेश के अन्नदाताओं और बहनों के सम्मान के लिए कृत संकल्पित होकर आगे बढ़ रही है। राज्य सरकार ने पिछला वर्ष उद्योग और रोजगार को और यह वर्ष किसान कल्याण को समर्पित किया है। पहले सिंचित रकबा मात्र 7.5 लाख हेक्टेयर था। वर्ष 2002-03 से प्रदेश में सिंचाई का रकबा बढ़ाने की शुरुआत हुई। वर्ष 2023 में हमारी सरकार बनने तक प्रदेश की 44 लाख हैक्टेयर कृषि भूमि सिंचित थी। अब ढाई साल में ही यह आंकड़ा बढ़कर 65 लाख हैक्टेयर हो गया है।
किसानों को दिया जा रहा उपज का उचित दाम
राज्य सरकार ने आगामी ढाई वर्ष में सिंचाई का रकबा बढ़ाकर 100 लाख हैक्टेयर करने का लक्ष्य रखा है। किसानों को उनकी उपज का उचित दाम दिया जा रहा है। किसानों को एमएसपी की गारंटी देकर सरकार ने 2652 रुपए प्रति क्विंटल गेहूं खरीदा है। सोयाबीन पर भी किसानों को भावांतर योजना का लाभ दिया है। प्रदेश में किसानों के लिए सड़क, बिजली, पानी और अन्य जरूरी सुविधाएं बढ़ाई जा रही हैं। किसानों को सिंचाई के लिए अब दिन में भी बिजली प्रदाय की जाएगी।