Reported By: Indresh Suryavanshi
,Indore Honey Trap Video: हनीट्रैप मामले में केंद्रीय मंत्री की करीबी नेत्री गिरफ्तार, विधायक भी फंस गए हुस्न के जाल में, मिले 100 से अधिक वो वाले वीडियोज / Image: AI Generated
उज्जैन: Indore Honey Trap Video इंदौर से सामने आए बहुचर्चित हनीट्रैप-2 मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सागर निवासी भाजपा के एक मोर्चा की पूर्व अध्यक्ष रेशु चौधरी और इंदौर पुलिस की इंटेलिजेंस शाखा में पदस्थ एक आरक्षक को गिरफ्तार किया है। शुरुआती जांच में महिला के सागर के एक भाजपा विधायक और केंद्र के एक केंद्रीय मंत्री से करीबी संबंध होने की बात सामने आई है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, महिला लंबे समय से प्रभावशाली लोगों के संपर्क में थी और इसी नेटवर्क का इस्तेमाल कर अपना प्रभाव बढ़ा रही थी।
Indore Honey Trap Video मिली जानकारी के अनुसार गिरफ्तार महिला रेशु चौधरी सागर में कई राजनीतिक कार्यक्रमों में सक्रिय भूमिका निभा चुकी है। वह विधानसभा चुनाव लड़ने की तैयारियों में भी नजर आई थी और शहर में अपने होर्डिंग्स एवं प्रचार सामग्री लगवा चुकी थी। पुलिस पूछताछ में महिला ने कई ऐसे नामों का उल्लेख किया है, जिनकी भूमिका अब जांच के दायरे में आ गई है।
मामले में क्राइम ब्रांच के एडिशनल डीसीपी राजेश त्रिपाठी ने बताया कि एक संगठित नेटवर्क की ओर इशारा करता है, जिसमें प्रभावशाली लोगों को टारगेट कर ब्लैकमेल किए जाने की आशंका है। पुलिस को महिला के पास से कई वीडियो और चैट रिकॉर्ड मिले हैं, जिन्हें अब जांच का अहम हिस्सा बनाया गया है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, आने वाले दिनों में इस मामले में कई और बड़े खुलासे हो सकते हैं। जांच टीम डिजिटल साक्ष्यों के साथ-साथ आरोपियों के बैंक खातों के लेनदेन की भी पड़ताल कर रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस हनीट्रैप नेटवर्क में कितने लोग शामिल हैं और इसका दायरा कहां तक फैला हुआ है।
वहीं, मामले में आज हुए खुलासे के अनुसार श्वेता जैन, रेशु चौधरी सहित अन्य आरोपियों के मोबाइल फोन से 100 से अधिक अश्लील वीडियो मिले हैं। बताया जा रहा है कि आरोपियों का नेटवर्क गुजरात से दिल्ली तक फैला हुआ है और इन विडियोज को बड़े स्तर पर बेचने की तैयारी में थे। वहीं, समाने आई जानकारी की मानें तो हनीट्रैप गिरोह की जद में मालवा निमाड़ इलाके के विधायक भी हैं। बताया गया कि श्वेता जैन इस गिरोह की मेन लीडर थी और वही इंदौर के एक होटल में लोगों को फंसाकर उनसे डील करती थी। रेशु टीम की लीडर थी जिसके निर्देश में पूरे कांड को अंजाम दिया जाता था।