ठाणे, 24 जनवरी (भाषा) ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के वरिष्ठ नेता इम्तियाज जलील ने रविवार को अपनी सहयोगी सहर शेख की “मुंब्रा को हरे रंग में रंग देने” वाली टिप्पणी का समर्थन किया और कहा कि उनकी पार्टी का इरादा पूरे महाराष्ट्र में ऐसा करने का है।
ठाणे नगर निकाय चुनाव में वार्ड संख्या 30 में मिली जीत के बाद शेख ने कहा था कि अगले पांच वर्षों में मुंब्रा में हर उम्मीदवार एआईएमआईएम से होगा।
ठाणे जिले का मुस्लिम बहुल मुंब्रा राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी-शरदचंद्र पवार (राकांपा-एसपी) के विधायक जितेंद्र आव्हाड के प्रतिनिधित्व वाली मुंब्रा-कालवा सीट का हिस्सा है। क्षेत्र के कुछ खास हिस्सों में राकांपा (एसपी) की मजबूत उपस्थिति है।
शेख ने आव्हाड पर कटाक्ष करते हुए कहा, “मुंब्रा को पूरी तरह से हरे रंग में रंग देना चाहिए।” हालांकि, उनकी इस टिप्पणी से एआईएमआईएम की भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और शिवसेना के साथ जुबानी जंग छिड़ गई।
मुंब्रा पुलिस ने “भड़काऊ” टिप्पणियों के लिए शेख को भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (बीएनएसएस) के तहत नोटिस जारी किया और उन्हें “सार्वजनिक भाषणों में अत्यधिक सावधानी बरतने तथा उकसावे वाले बयान देने से बचने” का निर्देश दिया।
पूर्व लोकसभा सदस्य जलील ने शेख का समर्थन किया और महाराष्ट्र पुलिस पर “भेदभावपूर्ण कार्रवाई” करने का आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि पुलिस ने प्रदर्शनकारियों के एक छोटे समूह के दबाव में आकर यह कार्रवाई की।
जलील ने कहा, “भाजपा और अजित पवार नीत राकांपा के नेता अक्सर भड़काऊ बयान देते हैं, लेकिन उनके खिलाफ कोई कानूनी कार्रवाई नहीं होती। एआईएमआईएम (ऐसी कार्रवाई के चलते) पीछे नहीं हटेगी। वह अपनी राजनीतिक उपस्थिति का विस्तार करती रहेगी।”
उन्होंने कहा, “ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन पूरे महाराष्ट्र को हरे रंग में रंग देगी।”
भाषा पारुल शफीक
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