मुंबई, 14 अप्रैल (भाषा) गोरेगांव इलाके में एक संगीत कार्यक्रम में शामिल होने के बाद संदिग्ध तौर पर अधिक मात्रा में मादक पदार्थ का सेवन करने के कारण दो एमबीए विद्यार्थियों की मौत हो गई। पुलिस ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
मृतकों में एक महिला शामिल है। इस घटना के बाद विपक्ष ने सवाल उठाया कि अधिकारियों ने ऐसे कार्यक्रम की अनुमति कैसे दी जहां मादक पदार्थों का ‘खुलेआम सेवन’ किया जा रहा था।
पुलिस ने सोमवार को कार्यक्रम के आयोजक, मादक पदार्थों के एक संदिग्ध आपूर्तिकर्ता और दो छात्रों सहित छह लोगों को इन मौतों के सिलसिले में गिरफ्तार किया।
एक अधिकारी ने बताया कि पीड़ित शहर के एक प्रबंधन संस्थान में पढ़ाई कर रहे थे और 15 छात्रों के उस समूह का हिस्सा थे, जो शनिवार को गोरेगांव प्रदर्शनी केंद्र में आयोजित संगीत कार्यक्रम में शामिल हुए थे।
प्रारंभिक जांच के अनुसार, समूह के कुछ सदस्यों ने कार्यक्रम स्थल में प्रवेश करने से पहले मादक पदार्थ का सेवन किया था और संगीत कार्यक्रम के दौरान शराब भी पी थी।
उनमें से कई ने बेचैनी की शिकायत की और उन्हें अस्पताल ले जाया गया। रविवार को इलाज के दौरान दो विद्यार्थियों की मौत हो गई। एक छात्र अस्पताल में भर्ती है और उसकी हालत स्थिर है।
उन्होंने कहा कि वनराई पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 105 (गैर इरादतन हत्या) और अन्य संबंधित प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया है और कुल छह व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है।
अधिकारी ने बताया कि आरोपियों को बृहस्पतिवार तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है और मामले की जांच जारी है।
विपक्षी कांग्रेस ने इस घटना को लेकर राज्य की भाजपा नीत सरकार पर हमला बोला। महाराष्ट्र कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने मंगलवार को कहा कि सरकार के ‘अक्षम और निर्लज्ज’ कामकाज ने राज्य के युवाओं को नशे की गिरफ्त में धकेल दिया है।
एक बयान में सपकाल ने सवाल उठाया कि पुलिस और अन्य कानून प्रवर्तन एजेंसियां हजारों लोगों के उस कार्यक्रम को देखने में कैसे विफल रहीं, जहां कथित तौर पर खुलेआम मादक पदार्थों और शराब का सेवन किया गया।
उन्होंने कहा कि कथित मादक पदार्थों के सेवन का मामला दो मौतों के बाद ही सामने आया और तब तक अधिकारी ‘सो रहे थे’।
सपकाल ने कहा, ‘मुंबई पुलिस की नाक के नीचे खुलेआम ऐसी पार्टी का आयोजन गृह विभाग और संपूर्ण प्रशासनिक तंत्र की विफलता को दर्शाता है।’
सपकाल ने कहा, ‘अगर वे (मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस) गृह विभाग को भी ठीक से नहीं संभाल सकते तो राज्य चलाने के लायक नहीं हैं। उन्हें महाराष्ट्र को बर्बाद करने के बजाय इस्तीफा दे देना चाहिए।’
मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष वर्षा गायकवाड़ ने सवाल किया कि ‘रेव पार्टी’ को आयोजित करने की अनुमति कैसे दी गई।
राकांपा (शरदचंद्र पवार) सांसद सुप्रिया सुले ने इस घटना को बेहद चिंताजनक बताया और कहा कि गृह विभाग को तत्काल कार्रवाई करनी चाहिए।
गृह राज्य मंत्री योगेश कदम ने पत्रकारों को बताया कि ऐसे मामलों में कार्रवाई की जा रही है और हाल ही में मुंबई में 30 करोड़ रुपये मूल्य का मादक पदार्थ जब्त किया गया है।
कदम ने कहा कि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोबारा न हों, इसके लिए कदम उठाए जाएंगे।
भाजपा नेता और मंत्री गिरीश महाजन ने कहा कि मादक पदार्थों की तस्करी में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
भाषा
शुभम अविनाश
अविनाश