शॉटगन विश्व कप में भारत का निराशाजनक अभियान बिना पदक के खत्म

Ads

शॉटगन विश्व कप में भारत का निराशाजनक अभियान बिना पदक के खत्म

  •  
  • Publish Date - April 2, 2026 / 08:06 PM IST,
    Updated On - April 2, 2026 / 08:06 PM IST

टैगियेर (मोरोक्को) दो अप्रैल (भाषा) भारतीय निशानेबाजों का आईएसएसएफ शॉटगन विश्व कप में निराशाजनक प्रदर्शन बृहस्पतिवार को भी जारी रहा जब दोनों मिश्रित टीम जोड़ियां शीर्ष 15 में भी जगह बनाने में नाकाम रहीं।

पुरुषों और महिलाओं की स्कीट और ट्रैप स्पर्धाओं में भारत के निराशाजनक प्रदर्शन का सिलसिला जारी रखते हुए ओलंपियन पृथ्वीराज तोंडाइमन और कीर्ति गुप्ता की मिश्रित युगल जोड़ी केवल 134 अंक ही बना सकी और 33 टीमों के मुकाबले में निराशाजनक रूप से 18वें स्थान पर रही।

केवल शीर्ष चार टीमें ही फाइनल में पहुंचेंगी।

तोंडाइमन ने 25-25 निशानों के तीन दौर में 69 (24, 22, 23) अंक हासिल किए, वहीं कीर्ति ने 10 निशाने चूके और उनका अभियान 65 (22, 22, 21) अंक के साथ समाप्त हुआ।

भारतीय ओलंपिक खिलाड़ी किनान चेनाई और राजेश्वरी कुमारी की दूसरी जोड़ी का प्रदर्शन भी निराशाजनक रहा। दोनों ने मिलकर मामूली 130 का स्कोर बनाया और 25वें स्थान पर रहीं। चेनाई ने 68 (25, 21, 22) अंक हासिल किए, जबकि राजेश्वरी ने 62 (18, 22, 22) अंक बनाए।

मौजूदा सत्र के पहले विश्व कप का स्कोर जापान में होने वाले एशियाई खेलों के लिए चयन में महत्वपूर्ण योगदान रखता है।

कजाखस्तान के अल्माटी में मई में होने वाले अगले शॉटगन विश्व कप के लिए भारतीय टीम की घोषणा पहले ही की जा चुकी है और खास बात यह है कि मौजूदा टूर्नामेंट में भाग लेने वाले किसी भी निशानेबाज को उसमें जगह नहीं मिली है।

टैंगियेर कप में राष्ट्रीय टीम का यह खराब प्रदर्शन कई खिलाड़ियों के लिए भारी पड़ सकता है और उन्हें एशियाई खेलों की दौड़ से बाहर कर सकता है। वहीं, अल्माटी विश्व कप में उतरने वाली नई टीम के पास आइची-नागोया में सितंबर-अक्टूबर में होने वाले महाद्वीपीय खेलों के लिए अपनी दावेदारी मजबूत करने का बड़ा मौका होगा।

इस बीच, टीम के कमजोर प्रदर्शन के बीच अनुभवी ट्रैप निशानेबाज, विश्व चैंपियनशिप के कांस्य पदक विजेता और विश्व रैंकिंग में चौथे स्थान पर काबिज खिलाड़ी जोरावर सिंह को “वर्कलोड मैनेजमेंट (थकान और चोट से बचाव के लिए एहतियाती कदम)” के कारण बाहर रखना एक सवाल खड़ा करने वाला फैसला माना जा रहा है।

विश्व चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीतने वाले तीसरे भारतीय ट्रैप निशानेबाज बनने के बाद जोरावर ने पिछले साल दोहा में आयोजित सत्र के आखिरी विश्व कप फाइनल में भाग लिया था। वह पदक दौर में पहुंचने के बाद मामूली अंतर से शीर्ष तीन में जगह बनाने से चूक गए थे।

भाषा आनन्द सुधीर

सुधीर