SBI Funds Management IPO: अचानक बदली SBI Funds IPO की तस्वीर, साइज घटा और GMP भी गिरा… अब क्या करें निवेशक?
SBI Funds Management IPO: एसबीआई फंड्स मैनेजमेंट आईपीओ के आकार में कमी की गई है। स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने प्री-आईपीओ प्लेसमेंट के जरिए 1.6% हिस्सेदारी बेच दी। जिसके बाद इश्यू साइज घटकर 9,812.90 करोड़ रुपये रह गया। इस बदलाव से आईपीओ के ढांचे में बड़ा परिवर्तन आया है और निवेशकों की नजरें अब इस पर टिकी हुई है।
(SBI Funds Management IPO/ Image Credit: AI-generated)
- आईपीओ साइज घटकर 9812.90 करोड़ रुपये हुआ।
- यह आईपीओ पूरी तरह ऑफर फॉर सेल (OFS) आधारित है।
- प्राइस बैंड 545 रुपये से 574 रुपये प्रति शेयर तय है।
नई दिल्ली: SBI Funds Management IPO: एसबीआई फंड्स मैनेजमेंट के बहुप्रतीक्षित आईपीओ (SBI Funds Management IPO) का आकार कम हो गया है। यह बदलाव स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) द्वारा प्री-आईपीओ प्लेसमेंट के जरिए कंपनी में अपनी 1.6 प्रतिशत हिस्सेदारी बेचने के बाद हुआ है। पहले कंपनी की योजना 11692.90 करोड़ रुपये जुटाने की थी लेकिन अब आईपीओ का कुल आकार 9812.90 करोड़ रुपये हो गया है। यह आईपीओ पूरी तरह ऑफर फॉर सेल (OFS) पर आधारित होगा यानी कंपनी की ओर से कोई नए शेयर जारी नहीं किए जाएंगे। इसमें मौजूदा शेयरधारक अपनी हिस्सेदारी बेचेंगे। SBI Funds Management और Amundi India Holding प्रमुख हिस्सेदार हैं।
SBI ने इन निवेशकों को बेची हिस्सेदारी
स्टेट बैंक ऑफ इंडिया ने प्री-आईपीओ (SBI Funds Management IPO) प्लेसमेंट में अपनी हिस्सेदारी 574 रुपये प्रति शेयर के भाव पर बेची है। यह कीमत आईपीओ के तय किए गए प्राइस बैंड की ऊपरी सीमा के बराबर है। बैंक ने यह हिस्सेदारी कई बड़े निवेशकों को बेची है। इनमें 360 वन फंड्स, टाटा एआईजी जनरल इंश्योरेंस, गो डिजिट जनरल इंश्योरेंस, बेनेट कोलमैन, आनंद राठी ग्लोबल फाइनेंस, कैप्री ग्लोबल वेंचर्स और कार्नेलियन भारत अमृतकाल फंड जैसे नाम शामिल हैं। इस बिक्री के बाद आईपीओ का कुल इश्यू साइज पहले के मुकाबले कम हो गया है।
14 जुलाई को खुलेगा आईपीओ
एसबीआई फंड्स मैनेजमेंट आईपीओ (SBI Funds Management IPO Price) के लिए प्राइस बैंड 545 रुपये से 574 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है। कंपनी ने एक लॉट में 26 शेयर रखे हैं। इस हिसाब से खुदरा निवेशकों को कम से कम 14,924 रुपये का निवेश करना होगा। आईपीओ 14 जुलाई 2026 को खुलेगा और इसमें निवेश करने की अंतिम तारीख 16 जुलाई 2026 होगी। कंपनी ने अपने कर्मचारियों के लिए प्रति शेयर 54 रुपये की छूट भी घोषित की है। यह मेनबोर्ड सेगमेंट का आईपीओ है। इसलिए इसकी लिस्टिंग बीएसई और एनएसई दोनों एक्सचेंजों पर होगी।
आरक्षण और ग्रे मार्केट का हाल
आईपीओ में क्वालीफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) के लिए अधिकतम 50 प्रतिशत हिस्सा आरक्षित रहेगा। वहीं, रिटेल निवेशकों को कम से कम 35 प्रतिशत और नॉन-इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (NII) को कम से कम 15 प्रतिशत हिस्सा मिलेगा। इस इश्यू के लिए कोटक महिंद्रा कैपिटल कॉरपोरेशन लिमिटेड को बुक रनिंग लीड मैनेजर बनाया गया है। जबकि केफिन टेक्नोलॉजी रजिस्ट्रार की भूमिका निभाएगी।
ग्रे मार्केट में एसबीआई फंड्स मैनेजमेंट आईपीओ का प्रीमियम (SBI Funds Management IPO GMP) 88 रुपये प्रति शेयर बताया जा रहा है। यह करीब 15.33 प्रतिशत के संभावित लिस्टिंग गेन का संकेत देता है। हालांकि, हाल के दिनों में इसका जीएमपी कम हुआ है। 10 जुलाई को यह 110 रुपये के प्रीमियम पर कारोबार कर रहा था, जबकि अब इसमें 22 रुपये की गिरावट आई है। इससे पहले आईपीओ का अधिकतम जीएमपी 140 रुपये प्रति शेयर तक पहुंच चुका है।
नोट:-शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है। शेयरों, म्यूचुअल फंड्स और अन्य वित्तीय साधनों की कीमतें बाजार की स्थितियों, आर्थिक परिस्थितियों और अन्य कारकों के आधार पर घट-बढ़ सकती हैं। इसमें पूंजी हानि की संभावना भी शामिल है। इस जानकारी का उद्देश्य केवल सामान्य जागरूकता बढ़ाना है और इसे निवेश या वित्तीय सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए।
इन्हें भी पढ़ें:
- 8th Pay Commission Salary: शिक्षकों की होने वाली है बल्ले-बल्ले! वेतन में इजाफे से लेकर पेंशन तक बदल सकते हैं ये बड़े नियम
- CG Nagar Nigam Transfer List: छत्तीसगढ़ के नगरीय निकायों में बंपर तबादले, बदले गए 100 से अधिक इंजीनियर-सब इंजीनियर सहित कर्मचारियों के प्रभार, 7 दिन के भीतर ज्वॉइन नहीं करने पर नहीं मिलेगी सैलरी
- Gujarat Hindu Dharma Wapsi News: एक साथ 20 से ज्यादा आदिवासियों ने की घर वापसी, शंकराचार्य की मौजूदगी में अपनाया सनातन धर्म, लिया यह संकल्प

Facebook


