(Stock Market 8 April 2026/ Image Credit: IBC24 News)
नई दिल्ली: Stock Market 8 April 2026: आज की सुबह दुनियाभर के लिए बड़ी राहत भरी रही, क्योंकि अमेरिका और ईरान के बीच दो हफ्तों के सीजफायर का ऐलान हुआ है। इस कदम से लंबे समय से चल रहे तनाव में कमी आई है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि दोनों देशों के बीच कई विवादित मुद्दों पर शुरुआती सहमति बन गई है।
ईरान ने साफ किया है कि युद्धविराम की अवधि तक वह होर्मुज जलडमरूमध्य को खुला रखेगा। जो वैश्विक तेल सप्लाई के लिए बेहद अहम रास्ता है। साथ ही 10 अप्रैल को इस्लामाबाद में दोनों पक्षों के बीच अगली दौर की बातचीत होने की उम्मीद है। जिससे आगे स्थायी समाधान की दिशा बन सकती है।
सीजफायर की खबर से वैश्विक बाजारों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। गिफ्ट निफ्टी में करीब 650 अंकों की तेजी आई, जो भारतीय बाजार के मजबूत खुलने का संकेत दे रहा है। वहीं, डाओ फ्यूचर्स में 900 अंकों से ज्यादा की उछाल दर्ज की गई। एशियाई बाजारों में भी खरीदारी का माहौल रहा, जिससे निवेशकों का भरोसा मजबूत हुआ है।
तनाव कम होने से निवेशकों का रुझान जोखिम वाले एसेट्स की ओर बढ़ा, जिससे डॉलर कमजोर हो गया। डॉलर इंडेक्स दो हफ्तों के निचले स्तर पर आ गया। वहीं यूरो, येन, ऑस्ट्रेलियन और न्यूजीलैंड डॉलर में मजबूती देखी गई। क्रिप्टोकरेंसी में भी तेजी आई, जिसमें बिटकॉइन में अच्छा उछाल आया है।
सीजफायर के कारण महंगाई के दबाव कम होने की उम्मीद से सोने की कीमतों में बढ़त जारी रही। दूसरी ओर, ब्रेंट क्रूड में 13% से ज्यादा की गिरावट आई, क्योंकि होर्मुज स्ट्रेट खुलने से सप्लाई को लेकर चिंता कम हुई। इससे ऊर्जा बाजार में स्थिरता के संकेत मिले हैं।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि लगातार तेजी से शॉर्ट टर्म सेंटिमेंट मजबूत हुआ है। लेकिन मिडिल ईस्ट में हालात अभी भी उतार-चढ़ाव ला सकते हैं। निफ्टी के लिए 23,200 का स्तर अहम रेजिस्टेंस माना जा रहा है। अगर यह स्तर पार होता है तो बाजार 23,500 से 23,800 तक जा सकता है, जबकि नीचे 23,000 पर मजबूत सपोर्ट है।
नोट:- शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है। शेयरों, म्यूचुअल फंड्स और अन्य वित्तीय साधनों की कीमतें बाजार की स्थितियों, आर्थिक परिस्थितियों और अन्य कारकों के आधार पर घट-बढ़ सकती हैं। इसमें पूंजी हानि की संभावना भी शामिल है। इस जानकारी का उद्देश्य केवल सामान्य जागरूकता बढ़ाना है और इसे निवेश या वित्तीय सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए।