Contract Employees: BJP सरकार ने तय कर दी संविदा कर्मचारियों को सौगात देने की तारीख, जानकर झूमने लगेंगे खुशी से, 1 मई से सैलरी भी मिलेगी बढ़कर / Image: AI Generated
लखनऊ: Contract Employees Salary Increase लंबे समय से नियमितीकरण का इंतजार कर रहे संविदा कर्मचारियों को प्रदेश की भाजपा सरकार बड़ी सौगात देने की तैयारी कर रही है। दरसअल सरकार ने प्रदेशभर में आउटसोर्सिंग पर कार्यरत कर्मियों के मानदेय में बढ़ोतरी करने का फैसला लिया है। बताया जा रहा है कि सरकार ने इसकी पूरी तैयारी कर ली है और 1 अप्रैल को इसकी घोषणा हो सकती है। वहीं, कर्मचारियों को बढ़ी हुई सैलरी 1 मई से खाते में मिलने लगेगी। सरकार का ये फैसला संविदा कर्मचारियों के लिए एक बड़ी राहत से कम नहीं होगी।
Contract Employees Salary Increase मिली जानकारी के अनुसार वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए लाए गए आउटसोर्सिंग नियमावली में इस बार मानदेय को शामिल किया गया है, जिसके आधार पर संविदा कर्मचारियों को बढ़े हुए मानदेय का भुगतान किया जाएगा। सेवा शर्तों के मुताबिक चौकीदार, चपरासी को 10 हजार के स्थान पर 18 हजार, अनुवादक, कंप्यूटर आपरेटर, डाटा एंट्री आपरेटर को करीब 23 हजार रुपए दिए जाने का टेंडर किया जा रहा है। सिस्टम एडमिनिस्ट्रेटर, सीनियर प्रोगामर को 37 हजार, स्टैटिकल ऑफिसर 29 हजार और सीनीयर डाटा एंट्री आपरेटर को करीब 30 से 31 हजार रुपए दिए जाने की तैयारी है। विभागों द्वारा अपने टेंडर प्रकिया में इन सेवा शर्तों को शामिल किया जा रहा है, जिससे उत्तर प्रदेश आउटसोर्सिंग सेवा निगम बनने के बाद ऐसी कर्मियों को मानदेय देने को लेकर कोई अड़चन न आए।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) कार्यालय की ओर से तैनात किए गए कर्मियों के मानदेय में बढ़ोत्तरी करने का निर्णय लिया गया है। सीईओ कार्यालय की ओर से विधानसभा क्षेत्रों में तैनात दो-दो कंप्यूटर ऑपरेटरों, जिला मुख्यालयों में तैनात प्रोग्रामरों व चपरासियों के मानदेय में बढ़ोत्तरी करने को लेकर टेंडर जारी कर दिया है। अभी तक कंप्यूटर ऑपरेटरों को 15600 रुपए मासिक मानदेय दिया जाता है। अब ईपीएफ सहित इन्हें 23000 रुपए मासिक मानदेय मिलेगा। ऐसे ही प्रोग्रामरों को अलग-अलग कैटेगरी के अनुसार 25000 से 26000 रुपए मानदेय दिया जाता है। अब इन्हें 29000 रुपए मासिक मानेदय मिलेगा।
वहीं, चपरासियों को 12900 रुपए मासिक मानदेय दिया जाता है। अब एक अप्रैल से लागू होने वाली व्यवस्था के तहत इन्हें 18000 रुपए मासिक मानदेय दिया जाएगा। बीएलओ व निर्वाचन के कार्य में लगे अन्य कर्मियों के भत्तों में बढ़ोत्तरी किए जाने के बाद एसआईआर के काम में लगे इन आउटसोर्सिंग कर्मियों ने भी मानदेय बढ़ाने की मांग की थी। जिस पर सीईओ कार्यालय ने मंजूरी देकर इसे लागू करने का निर्णय लिया है। मई में जो मानदेय आएगा वह इन्हें नई दरों के अनुसार बढ़ाकर दिया जाएगा। इसी तरह अन्य विभागों द्वारा भी अपने यहां टेंडर प्रक्रिया में मानदेय बढ़ाने के संबंध में प्रावधान किया जा रहा है।