Uttar Pradesh News: योगी सरकार ने दूर की बहनों की चिंता, बस में फ्री सफर करवाकर पहुंचाया भाइयों के पास, अब तक इतनी महिलाओं ने लिया लाभ

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योगी सरकार ने दूर की बहनों की चिंता, बस में फ्री सफर करवाकर पहुंचाया भाइयों के पास, Yogi Govt Announced Free Bus Service for Women

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  • Publish Date - August 23, 2026 / 08:23 PM IST,
    Updated On - August 23, 2026 / 08:23 PM IST

लखनऊ: Free Bus Service for Women रक्षाबंधन पर बहनों को भाइयों तक पहुंचने में किराये की चिंता न हो, इसके लिए योगी सरकार वर्ष 2017 से लगातार निशुल्क बस यात्रा का उपहार देती आ रही है। वर्ष 2017 से 2025 तक लगातार नौ रक्षाबंधन पर महिलाओं को दी गई इस सुविधा के तहत 2.01 करोड़ निशुल्क टिकट जारी किए गए। इन टिकटों के किराये पर खर्च 188.41 करोड़ रुपये (समतुल्य धनराशि) आंकी गई है। यानी योगी सरकार के कार्यकाल में रक्षाबंधन पर बहनों व महिलाओं को अब तक 188.41 करोड़ रुपये की निशुल्क यात्रा का उपहार मिल चुका है।

2017 से लगातार जारी है बहनों के लिए निशुल्क सफर

Free Bus Service for Women योगी सरकार ने वर्ष 2017 में रक्षाबंधन पर महिलाओं के लिए निशुल्क बस यात्रा की पहल शुरू की। इसके बाद लगातार 2025 तक यह सुविधा दी गई। नौ वर्षों में इस सुविधा का लाभ लेने वाली महिलाओं की संख्या लगातार बढ़ी और 2025 तक कुल 2.01 करोड़ से अधिक निशुल्क टिकट जारी किए गए।

188.41 करोड़ रुपये का निशुल्क यात्रा उपहार

परिवहन निगम के आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2017 से 2025 तक रक्षाबंधन के अवसर पर महिलाओं को जारी निशुल्क टिकटों के किराये के समतुल्य धनराशि करीब 188.41 करोड़ रुपये है। वर्ष 2025 में योगी सरकार ने रक्षाबंधन की यात्रा को और सुविधाजनक बनाते हुए महिला के साथ एक सहयात्री को भी निशुल्क यात्रा का लाभ दिया। 8 अगस्त 2025 की सुबह छह बजे से 10 अगस्त की मध्यरात्रि तक कुल 66 घंटे की अवधि में करीब 63.14 लाख महिला यात्रियों और 15.11 लाख से अधिक महिला यात्रियों के सहयात्रियों को निशुल्क यात्रा की सुविधा मिली। इस दौरान 78.26 लाख से अधिक निशुल्क टिकट जारी हुए, जिनका कुल किराया मूल्य करीब 86.98 करोड़ रुपये रहा।

हर साल बढ़ता गया बहनों का भरोसा

आंकड़ों पर नजर डालें तो 2017 में 11,16,332 महिला यात्रियों ने इस सुविधा का लाभ लिया था। 2018 में यह संख्या 11,69,226, 2019 में 12,04,085 और 2020 में 7,36,605 रही। 2021 में 9,63,466, 2022 में 22,32,322, 2023 में 29,29,755 और 2024 में 19,78,403 महिला यात्रियों ने निशुल्क यात्रा की। 2025 में महिलाओं के साथ सहयात्री को जोड़ने के बाद कुल निशुल्क टिकटों की संख्या 78,26,324 तक पहुंच गई। यूपीएसआरटीसी प्रधान प्रबंधक (संचालन) अनिल कुमार ने कहा कि 2017 में शुरू हुई निशुल्क बस यात्रा की पहल अब रक्षाबंधन पर योगी सरकार की प्रमुख जनसुविधाओं में शामिल हो चुकी है। 9 वर्षों में 2.01 करोड़ से अधिक निशुल्क टिकट और 188.41 करोड़ रुपये के किराये के समतुल्य लाभ इस योजना के व्यापक असर को दर्शाते हैं। सरकार इस कदम में विभाग पूरी तरह आगे भी तत्पर्रता से जुटा रहेगा। प्रदेश के यात्रियों को सुविधाजनक यात्रा करने के लिए हम प्रतिबद्ध हैं।

त्योहार पर आर्थिक राहत के साथ आसान हुई यात्रा

रक्षाबंधन पर बड़ी संख्या में महिलाएं अपने भाइयों को राखी बांधने के लिए दूसरे शहरों और गांवों की यात्रा करती हैं। ऐसे में मुफ्त बस यात्रा उन्हें सीधे आर्थिक राहत देती है। खासतौर पर सामान्य और निम्न आय वर्ग के परिवारों के लिए यह सुविधा त्योहार के दौरान यात्रा का अतिरिक्त खर्च कम करने में मदद करती है। साथ ही सरकारी बसों में अतिरिक्त बसों और फेरों की व्यवस्था से त्योहार के समय आवागमन को सुगम बनाने का प्रयास किया जाता है।

महिला सम्मान और आत्मनिर्भरता के विजन से जुड़ी पहल

योगी सरकार की सोच महिलाओं को केवल योजनाओं का लाभ देने तक सीमित नहीं है, बल्कि उनके सम्मान, सुरक्षा, सुविधा और आत्मनिर्भरता को मजबूत करने पर भी केंद्रित है। रक्षाबंधन पर निशुल्क बस यात्रा इसी विजन का एक प्रत्यक्ष उदाहरण है। सरकार का प्रयास है कि महिलाओं को जरूरी यात्राओं के दौरान आर्थिक और परिवहन संबंधी बाधाओं का सामना कम करना पड़े और वे अपने परिवार के साथ त्योहारों और महत्वपूर्ण अवसरों में सहजता से शामिल हो सकें।

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