बगदाद, 25 जनवरी (एपी) इराक के सबसे प्रभावशाली राजनीतिक गठबंधन ने शनिवार को घोषणा की कि उसने पूर्व प्रधानमंत्री नूरी अल-मलिकी को प्रधानमंत्री पद के लिए अपना उम्मीदवार नामित किया है।
यह घोषणा ऐसे समय में की गई है जब कार्यवाहक प्रधानमंत्री मोहम्मद शिया अल-सुदानी इस महीने की शुरुआत में प्रधानमंत्री पद की दौड़ से हट गए। सुदानी के गठबंधन ने नवंबर में हुए संसदीय चुनावों में सबसे अधिक सीट जीती थीं। सुदानी के हटने से अल-मलिकी के लिए रास्ता साफ हो गया है क्योंकि दोनों ही पहले शिया दलों के एक समूह ‘कोऑर्डिनेशन फ्रेमवर्क’ का समर्थन हासिल करने की होड़ में थे।
इराक के संविधान के तहत संसद द्वारा राष्ट्रपति का चुनाव किया जाता है, जिसके बाद राष्ट्रपति प्रधानमंत्री की नियुक्ति करता है। इसके बाद प्रधानमंत्री को नयी सरकार गठन की जिम्मेदारी सौंपी जाती है।
‘कोऑर्डिनेशन फ्रेमवर्क’ ने संसद से राष्ट्रपति चुनाव के लिए सत्र बुलाने का आह्वान किया है। गठबंधन ने अल-मलिकी को अपना पसंदीदा उम्मीदवार बताते हुए उनके राजनीतिक और प्रशासनिक अनुभव का हवाला दिया।
पहली बार 2006 में प्रधानमंत्री बने अल-मलिकी 2003 में अमेरिकी नेतृत्व वाले हमले में सद्दाम हुसैन को सत्ता से हटाए जाने के बाद दो कार्यकाल पूरे करने वाले एकमात्र इराकी प्रधानमंत्री हैं। हालांकि तीसरे कार्यकाल की उनकी कोशिश नाकाम रही थी, जब उन पर सत्ता केंद्रीकरण और सुन्नी एवं कुर्द समुदायों को अलग-थलग करने के आरोप लगे थे।
आगामी सरकार पर अमेरिका और ईरान दोनों का दबाव बढ़ने की संभावना है और उसे गैर-सरकारी सशस्त्र समूहों के भविष्य जैसे संवेदनशील मुद्दे से भी जूझना होगा।
अमेरिका, इराक से ईरान-समर्थित गुटों को निरस्त्र करने का दबाव बना रहा है, जो उनकी राजनीतिक ताकत और ईरान के संभावित विरोध के कारण बेहद कठिन है।
एपी गोला सिम्मी
सिम्मी