दुबई, पांच अप्रैल (एपी) ‘ओपेक प्लस’ तेल समूह के आठ देशों ने वैश्विक तेल बाजार में स्थिरता बनाए रखने के लिए मई में उत्पादन बढ़ाने का फैसला किया है। हालांकि, ईरान युद्ध के कारण होर्मुज जलडमरूमध्य के प्रभावी रूप से बंद होने से इस फैसले का असर सीमित रह सकता है।
पेट्रोलियम निर्यातक देशों के संगठन (ओपेक) की वेबसाइट पर रविवार को जारी बयान के अनुसार, इन देशों ने उत्पादन में 2.06 लाख बैरल प्रतिदिन की बढ़ोतरी करने की घोषणा की है।
हालांकि, फारस की खाड़ी के उत्पादक देशों से प्रतिदिन अनुमानित 1.2 करोड़ बैरल तेल आपूर्ति प्रभावित होने के कारण यह बढ़ोतरी कागजों तक ही सीमित मानी जा रही है।
‘ओपेक प्लस’ समूह में शामिल देशों-सऊदी अरब, रूस, इराक, संयुक्त अरब अमीरात, कुवैत, कजाखस्तान, अल्जीरिया और ओमान ने चेतावनी दी है कि तेल अवसंरचना पर हमलों से हुए नुकसान की भरपाई में काफी समय लगेगा और आपूर्ति को पहले के स्तर पर लाना आसान नहीं होगा।
उन्होंने कहा कि ऐसे हमले और समुद्री मार्ग में व्यवधान तेल की कीमतों को स्थिर रखने के प्रयासों को कमजोर करते हैं, जिससे उत्पादकों, उपभोक्ताओं और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर असर पड़ता है।
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