Russia Social Media Ban/Image Source: symbolic
Russia Social Media Ban: रूस की पुतिन सरकार ने विदेशी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के खिलाफ बड़ा कदम उठाते हुए व्हाट्सप्प, इंस्टाग्राम और यूट्यूब समेत कई नेटवर्किंग साइट्स पर रोक लगा दी है। इस कार्रवाई से देश के 10 करोड़ से अधिक यूजर्स प्रभावित हुए हैं। सरकार का कहना है कि यह फैसला राष्ट्रीय सुरक्षा और नागरिकों की डेटा प्राइवेसी की सुरक्षा के मद्देनजर लिया गया है।
Russia Social Media Ban: बताया जा रहा है कि रूसी प्रशासन Meta के स्वामित्व वाले WhatsApp को पूरी तरह ब्लॉक करने की दिशा में कदम बढ़ा रहा है, ताकि देश के करोड़ों यूजर्स को स्थानीय, स्टेट-बैक्ड मैसेजिंग ऐप MAX पर स्थानांतरित किया जा सके। रूसी सरकार MAX को एक सुरक्षित और स्वदेशी विकल्प के रूप में पेश कर रही है। व्हाट्सप्प के प्रवक्ता ने इस कदम की पुष्टि करते हुए कहा कि रूसी अधिकारियों का उद्देश्य स्थानीय यूजर्स को सरकारी प्लेटफॉर्म पर शिफ्ट करना है। कंपनी ने इस कार्रवाई की निंदा की है और संकेत दिया है कि यह कदम प्रतिस्पर्धा को सीमित करने वाला है। WhatsApp का दावा है कि ‘MAX’ एक निगरानी आधारित ऐप हो सकता है हालांकि रूसी मीडिया और अधिकारियों ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है।
Today the Russian government attempted to fully block WhatsApp in an effort to drive people to a state-owned surveillance app. Trying to isolate over 100 million users from private and secure communication is a backwards step and can only lead to less safety for people in Russia.…
— WhatsApp (@WhatsApp) February 12, 2026
Russia Social Media Ban: दरअसल साल 2022 में यूक्रेन पर हमले के बाद से रूस ने विदेशी टेक कंपनियों और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर सख्त रुख अपनाया हुआ है। इसी क्रम में कई पश्चिमी कंपनियों पर प्रतिबंध लगाए गए और डिजिटल स्पेस में आत्मनिर्भरता की दिशा में प्रयास तेज किए गए। सरकार का कहना है कि विदेशी प्लेटफॉर्म्स पर रोक लगाने का उद्देश्य नागरिकों के निजी डेटा को सुरक्षित रखना और संभावित डेटा लीक को रोकना है। वहीं आलोचकों का मानना है कि यह कदम सूचना के प्रवाह को नियंत्रित करने और डिजिटल स्पेस पर सरकारी पकड़ मजबूत करने की दिशा में उठाया गया है।