US-Israel Airstrike on Iran/Image Spurce: ANI
बेरूत: US-Israel Airstrike on Iran: इजराइल ने मंगलवार को दक्षिणी लेबनान में अतिरिक्त सैनिक भेजे और 80 से अधिक गांवों के निवासियों को वहां से चले जाने का आदेश दिया, जबकि ईरान समर्थित चरमपंथी समूह हिजबुल्ला ने कहा कि वह इजराइल के साथ ‘‘आमने-सामने युद्ध के लिए तैयार है।’’ यह घटनाक्रम अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान पर किए गए हमलों के बीच सामने आया है। हमले तब शुरू हुए जब सोमवार तड़के हिजबुल्ला ने उत्तरी इजराइल की ओर रॉकेट और ड्रोन दागे जिसके बाद इजराइल ने जवाबी कार्रवाई करते हुए लेबनान में हवाई हमले किए और इन हमलों में 40 लोग मारे गए ।
US-Israel Airstrike on Iran: मारे गए लोगों में सात बच्चे और बेरूत के दक्षिणी उपनगरों में हिजुबल्ला का एक खुफिया अधिकारी शामिल था। स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा सोमवार को जारी 52 मृतकों की संख्या को संशोधित किया गया। लेबनान के स्वास्थ्य मंत्री रकन नासेरेद्दीन ने मंगलवार को पत्रकारों को बताया कि 40 लोग मारे गए हैं। लेबनान ने यह भी कहा कि 246 लोग घायल हुए और हजारों लोग विस्थापित हो गए हैं।
US-Israel Airstrike on Iran: संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी एजेंसी ने मंगलवार को कहा कि लेबनान में लगभग 30,000 विस्थापित लोग सामूहिक आश्रयों में रह रहे हैं, “जबकि कई अन्य लोग अपनी कारों में सड़कों के किनारे आश्रय लिये हुए हैं क्योंकि उन्हें अब तक सुरक्षित स्थल नहीं मिल पाया है।” हिजबुल्ला ने कहा कि उसके पास इजराइल से युद्ध करने के अलावा कोई विकल्प नहीं है। चरमपंथी समूह ने कहा कि उसने उत्तरी इजराइल की ओर दो रॉकेट दागे। वहीं, इजराइली हवाई हमलों में हिजबुल्ला के टेलीविजन और रेडियो स्टेशन की एक इमारत क्षतिग्रस्त हो गई। बेरूत के दक्षिणी उपनगरों में मंगलवार को कई हमले बिना किसी पूर्व सूचना के किए गए। बाद में इजराइली सेना ने कहा कि उसने हिजबुल्ला के सदस्यों को निशाना बनाया था।