Heavy Rain Warning | Photo Credit: AI
भोपाल: लगभग 9 दिनों की देरी के बाद दक्षिण-पश्चिम मानसून ने मध्य प्रदेश में दस्तक दे दी है। मौसम विभाग के अनुसार अब मानसून तेजी से आगे बढ़ रहा है और अगले 2 से 3 दिनों में प्रदेश के अधिकांश हिस्सों को कवर कर सकता है। (IMD Heavy Rain Alert Madhya Pradesh) राजधानी भोपाल समेत 42 जिलों में गरज-चमक, तेज हवाओं और बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
IBC24 News के लेटेस्ट Updates और ताजा समाचार के लिए हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़े
बुधवार को भोपाल में तेज हवाओं के साथ बारिश हुई, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिली। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले 3 से 4 दिनों के भीतर राजधानी भोपाल में मानसून पूरी तरह सक्रिय हो जाएगा और नियमित बारिश का दौर शुरू हो सकता है।
मानसून की सक्रियता किसानों के लिए राहत लेकर आई है। लंबे इंतजार के बाद बारिश शुरू होने से खरीफ फसलों की बुवाई को गति मिलेगी। हालांकि, केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि देशभर में अब भी मानसूनी बारिश सामान्य से 43 प्रतिशत कम है। (IMD Heavy Rain Alert Madhya Pradesh) उन्होंने बताया कि भारतीय मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार 2 जुलाई तक मानसून अपेक्षाकृत कमजोर रह सकता है, जिससे वर्षा आधारित कृषि क्षेत्रों पर असर पड़ने की आशंका बनी हुई है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार वर्तमान में देशभर में कई चक्रवाती परिसंचरण और ट्रफ लाइन सक्रिय हैं। बांग्लादेश, असम, मध्य प्रदेश, हरियाणा और उत्तर प्रदेश के ऊपर बने सिस्टम तथा राजस्थान से पश्चिम बंगाल तक फैली ट्रफ लाइन बारिश की गतिविधियों को बढ़ावा दे रही है। मौसम विभाग के अनुसार अगले कुछ दिनों में मानसून गुजरात, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश के और हिस्सों में आगे बढ़ेगा। इसके बाद बिहार, झारखंड और उत्तर प्रदेश के शेष क्षेत्रों में पहुंचने की संभावना है।
बारिश की गतिविधियां बढ़ने के बावजूद मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में गर्मी का असर अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। मौसम विभाग ने पूर्वी मध्य प्रदेश, विदर्भ और छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों में सामान्य से अधिक तापमान बने रहने की चेतावनी दी है।
IBC24 News के लेटेस्ट Updates और ताजा समाचार के लिए हमारे Instagram Page को Follow करें
विशेषज्ञों का मानना है कि जुलाई का पहला सप्ताह खरीफ फसलों की बुवाई और जलाशयों के भराव के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण होगा। (IMD Heavy Rain Alert Madhya Pradesh) यदि 2 जुलाई के बाद मानसून मजबूत होता है तो वर्तमान वर्षा घाटा तेजी से कम हो सकता है। मौसम विभाग और कृषि विशेषज्ञों की नजर अब जुलाई के पहले सप्ताह पर टिकी हुई है, क्योंकि यही अवधि इस वर्ष के खरीफ सीजन और कुल मानसूनी प्रदर्शन की दिशा तय करेगी।
कोलकाता में निर्माणाधीन गोदाम की छत ढही, मलबे में दबे लोगों को बचाने का प्रयास जारी
पृथ्वी का सबसे पुराना ज्ञात क्रेटर तीन अरब वर्ष से भी अधिक पुराना, नए अध्ययन में पुष्टि हुई
ईरान के राष्ट्रपति ने खामेनेई के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए मोदी को आमंत्रित किया
बंगाल : संपत्ति हड़पने के मामले में तृणमूल के पूर्व विधायक अतिन घोष और बेटी पर मुकदमा
अमेजन के सीईओ जेसी भारत यात्रा पर, 300 से अधिक शहरों में ‘अमेजन नाउ’ के विस्तार की योजना