पटना, आठ सितंबर (भाषा) राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव ने मंगलवार को केंद्र और बिहार सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि राज्य में बाढ़ की समस्या के स्थायी समाधान के लिए नेपाल सरकार से ठोस बातचीत की जानी चाहिए तथा बिहार को उसके हिस्से का वित्तीय सहयोग मिलना चाहिए।
लालू ने अपने आधिकारिक फेसबुक पेज पर एक वीडियो पोस्ट साझा किया। राजद प्रमुख ने दावा किया कि वर्ष 2004 से 2009 के दौरान संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन-1 (संप्रग-1) सरकार में रेल मंत्री रहते हुए उन्होंने अपने राजनीतिक प्रभाव से बिहार को विकास कार्यों के लिए 1.44 लाख करोड़ रुपये का विशेष पैकेज दिलवाया था।
लालू ने आरोप लगाया कि अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के समय बिहार को उसके हिस्से का बजट और पर्याप्त सहायता नहीं मिली। उन्होंने कहा कि उस समय पंचवर्षीय योजनाओं में भी बिहार के साथ उपेक्षा की जाती थी।
लालू ने कहा कि 2011 में जब बिहार में जदयू-भाजपा सरकार थी, तब भी उन्होंने संसद में राज्य में बाढ़ और उसके अधिकारों से जुड़ा मुद्दा उठाया था। उन्होंने कहा कि आज भी उनकी मांग वही है कि बिहार को उसके साख-जमा अनुपात (सीडीआर) और योगदान के अनुरूप वित्तीय संसाधन उपलब्ध कराए जाएं।
लालू ने कहा कि नेपाल से आने वाली नदियों के रखरखाव के लिए बिहार को पर्याप्त धन नहीं मिलता है। उन्होंने केंद्र से आग्रह किया कि चुनाव के समय मुफ्त अनाज की घोषणाओं के बजाय बाढ़ की स्थायी रोकथाम की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएं।
लालू ने कहा कि बड़ी संख्या में बिहारी रोजगार के लिए देश-विदेश पलायन करते हैं और अपनी कमाई राज्य में भेजते हैं, लेकिन उसके अनुपात में बिहार में सार्वजनिक निवेश नहीं किया जाता।
राजद अध्यक्ष ने कहा कि बिहार भीख नहीं मांग रहा है, बल्कि अपने अधिकार और योगदान के अनुरूप संसाधनों की मांग कर रहा है।
भाषा
कैलाश पारुल
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