Reported By: Devendra Mishra
,Chhattisgarh Naxal free district news/Image Source: IBC24
धमतरी: Chhattisgarh Naxal News: छत्तीसगढ़ के धमतरी नक्सलवाद से मुक्त जिला बनने के बाद आज गणतंत्र दिवस पर एक ऐतिहासिक और भावुक दृश्य देखने को मिला। जहाँ कभी हिंसा और भय का माहौल था आज वहीं शांति, विश्वास और पुनर्वास की तस्वीर सामने आई। 52 लाख रुपये के इनामी सरेंडर नक्सलियों ने खुले मंच पर गणतंत्र दिवस समारोह में शिरकत कर देश की मुख्यधारा में लौटने का संदेश दिया।
गणतंत्र दिवस का अवसर… तिरंगे की शान… देशभक्ति का जज़्बा… और इसके बीच एक ऐसा दृश्य जिसने हर किसी को भावुक कर दिया। नक्सलवाद से मुक्त जिले में पहली बार सरेंडर किए गए नक्सलियों ने खुले मंच पर गणतंत्र दिवस समारोह में भाग लिया। कुल 10 सरेंडर नक्सलियों ने इस समारोह में शिरकत की। 52 लाख रुपये के इनामी रहे ये नक्सली आज तिरंगे को लहराते देख भावुक नज़र आए। पुलिस परेड, देशभक्ति से ओतप्रोत झांकियाँ और अनुशासन का यह दृश्य उनके लिए एक नया अनुभव था।
Chhattisgarh Naxal News: जो लोग कभी लोकतंत्र के खिलाफ हथियार उठाए हुए थे, आज वही लोकतंत्र के उत्सव में सम्मान के साथ शामिल नज़र आए। यह दृश्य सिर्फ एक समारोह नहीं, बल्कि शांति और पुनर्वास की जीत की कहानी है। समारोह के मुख्य अतिथि, कुरूद विधायक अजय चंद्राकर ने सरेंडर नक्सलियों को शॉल और श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि मुख्यधारा में लौटने का यह फैसला न सिर्फ उनके लिए, बल्कि पूरे समाज के लिए प्रेरणादायक है। सरेंडर नक्सलियों को नए जीवन की शुरुआत के लिए बधाई दी गई और भरोसा दिलाया गया कि सरकार और प्रशासन उनके पुनर्वास में हर संभव सहयोग करेगा। गणतंत्र दिवस का यह समारोह आज सिर्फ उत्सव नहीं, बल्कि शांति, विश्वास और नए भविष्य का प्रतीक बन गया। जहाँ बंदूक की जगह संविधान और तिरंगे ने जीत दर्ज की।