Naxal Arms Recovery | Photo Credit: IBC24
राजनांदगांव: Naxal Arms Recovery नक्सल विरोधी अभियान के तहत सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता मिली है। सुरक्षाबालों ने महाराष्ट्र-छत्तीसगढ़ सीमा से लगे घने जंगलों से नक्सलियों द्वारा छुपाए गए हथियार, विस्फोटक और हथियार बनाने में इस्तेमाल होने वाले उपकरण को बरामद किया है। बताया जा रहा है कि नक्सलियों ने हथियारों और विस्फोटकों का बड़ा जखीरा जमीन के नीचे छुपाकर रखे थे।
Naxal Weapons Factory Busted जानकारी के मुताबिक, सर्च ऑपरेशन के दौरान जवानों को संदिग्ध स्थान पर जमीन के भीतर छिपाए गए हथियार और विस्फोटक मिले। बरामद सामान में INSAS राइफल, क्लेमोर माइंस, डेटोनेटर, बारूद और 500 से अधिक BGL (बैरल ग्रेनेड लॉन्चर) सेल शामिल हैं। इतना ही नहीं हथियारों के निर्माण में कथित तौर पर इस्तेमाल होने वाले उपकरण भी जब्त किए गए, जिनमें दो खराद मशीनें, दो मोटरें, एक ग्राइंडर मशीन, इन्वर्टर यूनिट, बैटरी, लोहे की छड़ें और सोलर प्लेट शामिल हैं। (Naxal weapon manufacturing unit busted)
गढ़चिरौली पुलिस बल के समक्ष आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों से गहन पूछताछ के दौरान सूचना प्राप्त हुई कि माओवादियों ने महाराष्ट्र-छत्तीसगढ़ सीमा पर स्थित वन क्षेत्र में काकुर पोस्टे से 7 किमी दूर जिला नारायणपुर (छत्तीसगढ़) में हथियार और हथियार बनाने आवश्यक सामग्री छिपा रखी है। तदनुसार 26 मई 2026 को गढ़चिरौली पुलिस अधीक्षक एम. रमेश के मार्गदर्शन में उक्त वन क्षेत्र में एक संयुक्त अंतर्राज्यीय अभियान चलाया गया।