Padma Shri Award 2026: बस्तर के जंगलों में रहकर आदिवासियों का किया इलाज, छत्तीसगढ़ के डॉक्टर दंपति को एक साथ मिला पद्मश्री, राष्ट्रपति ने किया सम्मानित

बस्तर के जंगलों में रहकर आदिवासियों का किया इलाज, Padma Shri Award 2026: Ramchandra Godbole and Sunita Godbole honored

Padma Shri Award 2026: बस्तर के जंगलों में रहकर आदिवासियों का किया इलाज, छत्तीसगढ़ के डॉक्टर दंपति को एक साथ मिला पद्मश्री, राष्ट्रपति ने किया सम्मानित
Modified Date: May 25, 2026 / 06:56 pm IST
Published Date: May 25, 2026 6:56 pm IST

नई दिल्ली/रायपुरः Padma Shri Award 2026 देश की राजधानी दिल्ली स्थित राष्ट्रपति भवन में सोमवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने अलग-अलग हस्तियों को पद्म पुरस्कार प्रदान किया। भव्य सम्मान समारोह में भारत के इस सबसे बड़े नागरिक सम्मान समारोह में सिनेमा, संगीत और थिएटर जगत की मशहूर हस्तियों को सम्मानित किया गया। इस दौरान राष्ट्रपति ने छत्तीसगढ़ की डॉक्टर दंपति डॉ. रामचंद्र गोडबोले एवं उनकी पत्नी सुनीता गोडबोले को चिकित्सीय क्षेत्र में उनके अभूतपूर्व योगदान के लिए पद्म श्री से सम्मानित किया।

Padma Shri Award 2026 बता दें कि महाराष्ट्र के सतारा जिले के बीएएमएस ग्रेजुएट डॉ. रामचंद्र गोडबोले ने बस्तर जाने से पहले वनवासी कल्याण आश्रम के जरिए नासिक में आदिवासी समुदायों के बीच काम किया था। बाद में उन्होंने दंतेवाड़ा जिले के बारसूर में अबूझमाड़ के जंगलों के पास एक क्लिनिक खोला। यहां उन्होंने गंभीर रूप से बीमार आदिवासी मरीजों का इलाज किया। पिछले 15 सालों में उन्होंने विशेषज्ञ डॉक्टरों की मदद से दूरदराज के जंगली इलाकों में 100 से ज्यादा स्वास्थ्य शिविर भी लगाए हैं, जिनके जरिए 9,000 से ज्यादा मरीजों की जांच और इलाज संभव हो पाया है।पुणे से सोशल वर्क में पोस्ट ग्रेजुएट सुनीता गोडबोले ने आदिवासी महिलाओं और बच्चों के साथ जमीनी स्तर पर लगातार जुड़कर इन चिकित्सा पहलों को और मजबूत बनाया। स्थानीय आदिवासी भाषाओं, गोंडी और हल्बी में अच्छी पकड़ रखने वाली सुनीता ने पोषण, लड़कियों की शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और स्वास्थ्य जागरूकता जैसे विषयों पर बड़े पैमाने पर काम किया।

 


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