आस्था कुंज दुष्कर्म मामला: एक आरोपी मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार, दो अन्य से पूछताछ

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आस्था कुंज दुष्कर्म मामला: एक आरोपी मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार, दो अन्य से पूछताछ

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  • Publish Date - September 22, 2026 / 04:14 PM IST,
    Updated On - September 22, 2026 / 04:14 PM IST

नयी दिल्ली, 22 सितंबर (भाषा)  दक्षिण-पूर्वी दिल्ली पुलिस ने कालकाजी मंदिर के पास 17 वर्षीय लड़की से दुष्कर्म करने के एक आरोपी को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है जबकि मामले में दो अन्य से पूछताछ की जा रही है। अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी।

पुलिस के मुताबिक, आरोपी की पहचान आसिफ के रूप में हुई है। यह उन लोगों में शामिल था जो सोमवार शाम को खुद को कथित तौर पर पुलिसकर्मी बताकर बंदूक के बल पर लड़की को आस्था कुंज पार्क के अंदर एक सुनसान हिस्से में ले गए और उसके साथ कथित रूप से सामूहिक दुष्कर्म किया।

मामले में दो अन्य लोगों से पूछताछ की जा रही है, जिनकी पहचान अधिवक्ता हेमंत और उसके भाई के तौर पर हुई है जो कॉलेज छात्र है। वे फरीदाबाद के मूल निवासी हैं और दिल्ली के श्री निवासपुरी में रहते हैं।

अधिकारियों ने बताया कि आसिफ ने अमर कॉलोनी में डीएम ऑफिस रोड के पास पुलिस टीम द्वारा उसे रोके जाने पर कथित तौर पर तीन गोलियां चलाईं।

पुलिस ने बताया कि गोलीबारी के दौरान एक गोली हेड कांस्टेबल राजेश के ‘बुलेट-प्रूफ जैकेट’ पर लगी जिसके बाद हेड कांस्टेबल ने आत्मरक्षा में दो गोलियां चलाईं, जिनमें से एक आसिफ की दाहिनी टांग में लगी।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि घायल आरोपी को बाद में अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) के  ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया।

लड़की के बयान के अनुसार, वह और उसका 17 वर्षीय पुरुष मित्र कालकाजी मंदिर गए थे और बाद में गेट नंबर 7 से आस्था कुंज पार्क में दाखिल हुए थे।

दक्षिण रेंज के संयुक्त पुलिस आयुक्त (जेसीपी) विजय कुमार ने बताया, “ कल शाम 8.45 बजे पुलिस नियंत्रण कक्ष (पीसीआर) को फोन कर फरीदाबाद की 17 वर्षीय लड़की के बारे में बताया गया जो अपने 17 वर्षीय पुरुष मित्र के साथ यहां आई थी। वे पहले मंदिर गए और फिर आस्था कुंज पार्क के एक थोड़े सुनसान इलाके की ओर चले गए।”

तीन लोग खुद को कथित तौर पर पुलिसकर्मी बताते हुए उनके पास आए और उनसे “पुलिस और वकील जैसी” भाषा का इस्तेमाल करते हुए बात की और उन्हें बताया कि वे नाबालिग हैं, कुछ गलत कर रहे हैं और उनके खिलाफ मामला दर्ज किया जा सकता है।

पुलिस ने बताया कि उन्होंने लड़की को लड़के से अलग किया और उसे एक सुनसान इलाके में ले गए।

शिकायत के अनुसार, आसिफ ने लड़की को पिस्तौल और चाकू दिखाकर कथित तौर पर धमकाया और उसके साथ दुष्कर्म किया। उसके साथ मौजूद दो अन्य व्यक्तियों ने भी उससे कथित तौर पर दुष्कर्म किया, जिसके बाद तीनों व्यक्तियों ने लड़की और उसके दोस्त को धमकी दी।

लड़की की एम्स में चिकित्सीय जांच कराई गई जबकि अपराध और फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर प्रासंगिक साक्ष्य एकत्र किए।

अमर कॉलोनी थाने में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) और बच्चों का यौन अपराधों से संरक्षण (पॉक्सो) अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई।

आरोपियों का पता लगाने के लिए कई टीम का गठन किया गया। पुलिस ने बताया कि जांच के दौरान पुलिस को अमर कॉलोनी में डीएम ऑफिस रोड के पास आसिफ की आवाजाही के बारे में विशिष्ट सूचना मिली जिसके बाद जाल बिछाया गया।

पुलिस ने बताया कि जब पुलिस टीम ने उसे रोका, तो आत्मसमर्पण करने का निर्देश दिए जाने के बावजूद आसिफ ने कथित तौर पर गोलीबारी शुरू कर दी और तीन गोलियां चलाईं। जिसके बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की।

मुठभेड़ स्थल पर अपराध जांच और एफएसएल (फॉरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला) के दलों को बुलाया गया और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।

जेसीपी ने यह भी कहा कि पार्क कई तरफ से खुला है जबकि चारदीवारी का कुछ हिस्सा भी टूटा हुआ है। उन्होंने कहा, “कुछ द्वारों पर गार्ड भी नहीं हैं जबकि कुछ स्थानों पर पर्याप्त रोशनी नहीं है।”

भाषा नोमान प्रशांत

प्रशांत