ढेकियाजुली (असम), 28 फरवरी (भाषा) असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने शनिवार को सोनितपुर जिले के ढेकियाजुली से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की प्रदेश इकाई की ‘जन आशीर्वाद यात्रा’ की शुरुआत की।
पार्टी आगामी विधानसभा चुनावों में लगातार तीसरी बार सत्ता में आने की कोशिश कर रही है।
मुख्यमंत्री ने भाजपा की सत्ता बरकरार रखने और विकसित एवं सुरक्षित असम की यात्रा को आगे बढ़ाने के लिए लोगों का समर्थन मांगा।
पार्टी की प्रदेश इकाई के अध्यक्ष दिलीप सैकिया, केंद्रीय मंत्री पवित्र मार्गेरिटा और अन्य शीर्ष नेताओं के साथ शर्मा एक खुली वैन पर खड़े होकर जुलूस का नेतृत्व कर रहे थे।
सड़कों के दोनों ओर कतार में खड़े लोगों ने फूल एवं पारंपरिक पटका भेंट कर मुख्यमंत्री का स्वागत किया और नेता उत्साहित भीड़ की ओर हाथ हिला रहे थे।
शर्मा ने यात्रा शुरू करने से पहले अपने संबोधन में कहा, ‘‘यह 2014 की बात है जब आप सभी ने नरेन्द्र मोदी जी पर विश्वास जताया और उन्हें प्रधानमंत्री चुना। आप (जनता) ने 2016 में सर्वानंद सोनोवाल के नेतृत्व में असम में भाजपा की पहली सरकार स्थापित की।’’
मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि हालांकि इस सफर में गलतियां हुई होंगी या कुछ चीजें लोगों की इच्छा के अनुरूप नहीं हुई होंगी, लेकिन यह प्रयासों में किसी प्रकार की ढिलाई के कारण नहीं था।
उन्होंने कहा, ‘‘और यही कारण है कि आज हमारे पास एक विकसित और सुरक्षित असम है। मेरी सभी से अपील है कि भाजपा को सत्ता में बने रहने में मदद करें ताकि हम इस यात्रा में राज्य को आगे ले जाना जारी रख सकें।’’
यात्रा शुरू करने से पहले मुख्यमंत्री ने ढेकियाजुली स्थित गुप्तेश्वरी मंदिर में पूजा-अर्चना की।
ढेकियाजुली के अलावा, पहले दिन यात्रा बोरसोला, तेजपुर, नाडुआ और रोंगापारा विधानसभा क्षेत्रों को भी हुई।
पार्टी की प्रदेश इकाई के अध्यक्ष सैकिया ने पहले कहा था कि यह यात्रा प्रतिदिन लगभग 70-80 किलोमीटर की दूरी तय करेगी, जिसका लक्ष्य प्रतिदिन लगभग एक लाख लोगों तक पहुंचना है।
उन्होंने कहा था कि आगामी विधानसभा चुनावों से पहले पार्टी के दृष्टिकोण, उपलब्धियों और संगठनात्मक लक्ष्यों को लोगों तक पहुंचाने के उद्देश्य से ‘‘जन आशीर्वाद यात्रा’’ का आयोजन किया गया है।
यात्रा का पहला चरण नौ मार्च को समाप्त होगा और इसमें राज्य भर के 34 विधानसभा क्षेत्रों को शामिल किया जाएगा।
राज्य के कैबिनेट मंत्री अशोक सिंघल को मुख्य संयोजक की जिम्मेदारी सौंपी गई थी, जबकि केंद्रीय मंत्री मार्गेरिटा और अन्य वरिष्ठ नेताओं को सह-संयोजक बनाया गया है।
जिन निर्वाचन क्षेत्रों से यात्रा नहीं गुजरेगी, वहां ‘जन आशीर्वाद सभाओं’ का आयोजन किया जाएगा।
भाषा यासिर माधव
माधव