नयी दिल्ली, 12 जुलाई (भाषा) केंद्रीय आवास एवं शहरी मामलों के मंत्री मनोहर लाल ने रविवार को बताया कि सेंट्रल विस्टा पुनर्विकास क्षेत्र को अब ‘कर्तव्य भवन परिसर’ या ‘कर्तव्य भवन क्षेत्र’ कहा जाना चाहिए और ‘सेंट्रल विस्टा’ नाम का अब इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए।
केंद्रीय लोक निर्माण विभाग (सीपीडब्ल्यूडी) के स्थापना दिवस समारोह को संबोधित करते हुए मंत्री ने कहा कि इस नए नाम को सभी आधिकारिक दस्तावेजों और संदर्भों में शामिल किया जाना चाहिए।
मंत्री ने कहा, ‘अब तक हम बार-बार इसे ‘सेंट्रल विस्टा’ कहते रहे हैं। अब से कृपया इसे ‘कर्तव्य भवन परिसर’ या ‘कर्तव्य भवन क्षेत्र’ कहें। सेंट्रल विस्टा नाम अब बदल दिया गया है। भविष्य में इसे उस पुराने नाम से नहीं पुकारा जाना चाहिए।’
केंद्रीय मंत्री ने स्पष्ट किया कि इस पूरे क्षेत्र को जिसमें कई कर्तव्य भवन, कर्तव्य पथ और इस क्षेत्र में बनने वाली भविष्य की सरकारी इमारतें शामिल हैं, उसे ‘कर्तव्य भवन क्षेत्र’ के रूप में जाना जाएगा।
सरकार की योजना सेंट्रल विस्टा पुनर्विकास योजना के तहत मंत्रालयों को एक जगह लाने के लिए साझा केंद्रीय सचिवालय के अंतर्गत 10 इमारतें बनाने की है, जिनमें से तीन का निर्माण पहले ही हो चुका है।
इससे पहले साल 2022 में, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने राष्ट्रपति भवन से इंडिया गेट तक के दो किलोमीटर लंबे मार्ग ‘राजपथ’ का नाम बदलकर ‘कर्तव्य पथ’ कर दिया था।
बाद में इस मार्ग के किनारे बने नए सरकारी कार्यालय भवनों का नाम ‘कर्तव्य भवन’ रखा गया।
भाषा सुमित वैभव
वैभव